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वनभूमि मंजूरी और बजट के अभाव में 316 मार्गों का काम शुरू नहीं
Updated Tue, 06 Nov 2018 10:18 PM IST
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अल्मोड़ा। जिले में सड़कों और पुलों का निर्माण कार्य समय पर नहीं होने से जनता को यातायात सुविधा नहीं मिल पा रही है। जिले में विभिन्न योजनाओं के तहत लोनिवि में कुल 635 कार्य स्वीकृत हैं, लेकिन समय पर बजट अवमुक्त नहीं होने, वनभूमि की मंजूरी और समरेखण के अभाव में 316 सड़कों के काम शुरू ही नहीं हो सके हैं। इनमें कई सड़कें एक से डेढ़ दशक पूर्व स्वीकृत हुई हैं।
लोक निर्माण विभाग के प्रांतीय खंड, निर्माण खंड और अन्य खंडों के अंतर्गत राज्य सेक्टर के अंतर्गत कुल 525 सड़कें स्वीकृत हैं। 2682.41 किमी लंबी सड़कों की कुल लागत 571.11 करोड़ है, जिसके सापेक्ष विभाग को चालू वित्तीय वर्ष में 22.45 करोड़ मिले हैं। जिसमें विभाग द्वारा 18.59 करोड़ रुपये खर्च कर दिए गए हैं। इनमें से 232 कार्य विभाग ने पूरे कर दिए हैं। विभाग द्वारा 129 पुलों का निर्माण भी किया जाना है।
वहीं स्पेशल कंपोनेंट प्लान के तहत 32 सड़कें बननी हैं। जिनकी लंबाई कुल 191 किमी है और कुल लागत 48.43 करोड़ है। जिसमें से 2.60 करोड़ रुपये विभाग को मिले हैं। 192 लाख रुपये खर्च कर विभाग ने 16 काम पूरे कर लिए हैं, जबकि 16 काम वन भूमि की स्वीकृति और अन्य कारणों के चलते शुरू नहीं हुए हैं।
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नाबार्ड के तहत 78 कार्य हैं। इसमें 518.43 किमी लंबी सड़कों का निर्माण किया जाना है। जिसकी कुल लागत 183.74 करोड़ है। विभाग द्वारा 71 सड़कों का निर्माण इस योजना के तहत कर लिया गया है जबकि शेष आठ सड़कों का काम विभाग शुरू तक नहीं कर सका है।
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लोक निर्माण विभाग के प्रांतीय खंड, निर्माण खंड और अन्य खंडों के अंतर्गत राज्य सेक्टर के अंतर्गत कुल 525 सड़कें स्वीकृत हैं। 2682.41 किमी लंबी सड़कों की कुल लागत 571.11 करोड़ है, जिसके सापेक्ष विभाग को चालू वित्तीय वर्ष में 22.45 करोड़ मिले हैं। जिसमें विभाग द्वारा 18.59 करोड़ रुपये खर्च कर दिए गए हैं। इनमें से 232 कार्य विभाग ने पूरे कर दिए हैं। विभाग द्वारा 129 पुलों का निर्माण भी किया जाना है।
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वहीं स्पेशल कंपोनेंट प्लान के तहत 32 सड़कें बननी हैं। जिनकी लंबाई कुल 191 किमी है और कुल लागत 48.43 करोड़ है। जिसमें से 2.60 करोड़ रुपये विभाग को मिले हैं। 192 लाख रुपये खर्च कर विभाग ने 16 काम पूरे कर लिए हैं, जबकि 16 काम वन भूमि की स्वीकृति और अन्य कारणों के चलते शुरू नहीं हुए हैं।
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नाबार्ड के तहत 78 कार्य हैं। इसमें 518.43 किमी लंबी सड़कों का निर्माण किया जाना है। जिसकी कुल लागत 183.74 करोड़ है। विभाग द्वारा 71 सड़कों का निर्माण इस योजना के तहत कर लिया गया है जबकि शेष आठ सड़कों का काम विभाग शुरू तक नहीं कर सका है।