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इंटेकवेल लीकेज ट्रीटमेंट को खुदाई का काम शुरू
Updated Wed, 28 Nov 2018 10:40 PM IST
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अल्मोड़ा। कोसी नदी में बन रहे इंटेकवेल के लीकेज ट्रीटमेंट के लिए बैराज का पानी खाली करने के बाद खुदाई का काम शुरू कर दिया गया है। नदी के लेबल से करीब 20 फुट गहराई तक खुदाई की जानी है। इसके बाद इंटेकवैल में हो रहे पानी के लीकेज का पता लगाकर ट्रीटमेंट का काम किया जाएगा।
मालूम हो कि अल्मोड़ा शहर को पेयजल की आपूर्ति करने के लिए कोसी नदी में बैराज के निकट 11.7 करोड़ लागत से इंटेकवेल का निर्माण कार्य प्रगति पर है। पिछले दिनों निर्माणाधीन इंटेकवेल के तलहटी में पानी रिसकर अंदर पहुंच गया था। जिसके सुधारीकरण के लिए गत 23 नवंबर को बैराज के पानी को खाली कर दिया गया था। ताकि इंटेकवेल के चारों ओर खुदाई कर पानी लीकेज का पता लगाया जा सके।
उत्तराखंड पेयजल संसाधन विकास एवं निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता केडी भट्ट ने बताया कि नदी के तल से करीब 20 फुट गहराई से इंटेकवेल का निर्माण किया गया है। इंटेकवेल के चारों और बीस फुट तक खुदाई की जानी है। जेसीबी मशीन से खुदाई का काम शुरू कर दिया गया है। आठ फुट तक खुदाई कर दी गई है और मिट्टी हटाने का काम किया जा रहा है। खुदाई पूरी होने के बाद पानी लीकेज का पता लगाकर इंटेकवेल के ट्रीटमेंट का काम किया जाएगा। इस कार्य में करीब एक माह का समय लगेगा।
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मालूम हो कि अल्मोड़ा शहर को पेयजल की आपूर्ति करने के लिए कोसी नदी में बैराज के निकट 11.7 करोड़ लागत से इंटेकवेल का निर्माण कार्य प्रगति पर है। पिछले दिनों निर्माणाधीन इंटेकवेल के तलहटी में पानी रिसकर अंदर पहुंच गया था। जिसके सुधारीकरण के लिए गत 23 नवंबर को बैराज के पानी को खाली कर दिया गया था। ताकि इंटेकवेल के चारों ओर खुदाई कर पानी लीकेज का पता लगाया जा सके।
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उत्तराखंड पेयजल संसाधन विकास एवं निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता केडी भट्ट ने बताया कि नदी के तल से करीब 20 फुट गहराई से इंटेकवेल का निर्माण किया गया है। इंटेकवेल के चारों और बीस फुट तक खुदाई की जानी है। जेसीबी मशीन से खुदाई का काम शुरू कर दिया गया है। आठ फुट तक खुदाई कर दी गई है और मिट्टी हटाने का काम किया जा रहा है। खुदाई पूरी होने के बाद पानी लीकेज का पता लगाकर इंटेकवेल के ट्रीटमेंट का काम किया जाएगा। इस कार्य में करीब एक माह का समय लगेगा।
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