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चौकुड़ी में पिंजरे में कैद किए गए तेंदुए की अल्मोड़ा में मौत, विभाग सन्न
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चौखुटिया (अल्मोड़ा)। चौकुड़ी में 10 अप्रैल को पिंजरे में कैद किए गए तेंदुए की अल्मोड़ा जू में मौत हो गई है। तेंदुए की मौत से वन महकमा सन्न रह गया है। बताया गया है कि दस अप्रैल को चौकुडी में ग्यारह घंटे तक तारों से उलझे रहने के कारण तेंदुए के शरीर में इंफेक्शन हो गया था।
वन क्षेत्राधिकारी नवीन टम्टा द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह उसकी मौत की खबर मिली। उन्होंने बताया कि उन्हें पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं मिली है अलबत्ता संबंधित पशु चिकित्सक से हुई बातचीत में मौत का कारण आंतों और शरीर के अन्य भागों में इंफेक्शन होना बताया गया है। बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तेंदुए के कई दिनों से भूखे रहने की बात भी सामने आई है।
टम्टा ने बताया कि तेंदुए को अल्मोड़ा जू में पहुंचाने के बाद चिकन भी खिलाया गया था। गौरतलब है कि पिंजरे में कैद किए जाने से पहले तेंदुए को बेहोश करने के लिए तीन बार ट्रैंक्यूलाजर गन से निशाना बनाया गया था उसके बाद भी वह पूरी तरह से बेहोश नहीं हुआ था और पिंजरे में रखते समय भी गुर्रा रहा था।
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वन क्षेत्राधिकारी नवीन टम्टा द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह उसकी मौत की खबर मिली। उन्होंने बताया कि उन्हें पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं मिली है अलबत्ता संबंधित पशु चिकित्सक से हुई बातचीत में मौत का कारण आंतों और शरीर के अन्य भागों में इंफेक्शन होना बताया गया है। बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तेंदुए के कई दिनों से भूखे रहने की बात भी सामने आई है।
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टम्टा ने बताया कि तेंदुए को अल्मोड़ा जू में पहुंचाने के बाद चिकन भी खिलाया गया था। गौरतलब है कि पिंजरे में कैद किए जाने से पहले तेंदुए को बेहोश करने के लिए तीन बार ट्रैंक्यूलाजर गन से निशाना बनाया गया था उसके बाद भी वह पूरी तरह से बेहोश नहीं हुआ था और पिंजरे में रखते समय भी गुर्रा रहा था।
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