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मेरे सामने लिए गए थे फिंगर प्रिंट
अमर उजाला ब्यूरो/रामपुर
Updated Thu, 10 Mar 2016 11:37 PM IST
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मेरे सामने लिए गए थे फिंगर प्रिंट
- फोटो : अमर उजाला
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सीआरपीएफ आतंकी हमले के मामले में गुरुवार को एक और गवाही पूरी हो गई। अभियोजन की ओर से पेश किए गए एसटीएफ में तत्कालीन दरोगा हिंदवीर सिंह ने अपनी गवाही में कहा कि उनकी मौजूदगी में ही सभी आरोपियों के फिंगर प्रिंट लिए गए थे। अब इस मामले की सुनवाई 26 मार्च तय की गई है। सीआरपीएफ ग्रुप सेंटर पर 31 दिसंबर 2007 की रात में हुए आतंकी हमले के मामले में सात जवान शहीद हो गए थे, जबकि एक रिक्शा चालक की मौत हो गई थी।
पुलिस और एसटीएफ की टीम ने हमले के 40 दिन बाद आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मामले की कोर्ट में सुनवाई चल रही है। गुरुवार को पुलिस ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बरेली सेंट्रल जेल में बंद पांच आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। एसटीएफ में तैनात रहे दरोगा हिंदवीर सिंह को पेश किया गया। हिंदवीर ने कहा कि एसटीएफ की टीम मौके पर पहुंची थी। सभी आरोपियों के फिंगर प्रिंट लिए गए थे। बचाव पक्ष की ओर से भी जिरह की गई।
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पुलिस और एसटीएफ की टीम ने हमले के 40 दिन बाद आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मामले की कोर्ट में सुनवाई चल रही है। गुरुवार को पुलिस ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बरेली सेंट्रल जेल में बंद पांच आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। एसटीएफ में तैनात रहे दरोगा हिंदवीर सिंह को पेश किया गया। हिंदवीर ने कहा कि एसटीएफ की टीम मौके पर पहुंची थी। सभी आरोपियों के फिंगर प्रिंट लिए गए थे। बचाव पक्ष की ओर से भी जिरह की गई।
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