{"_id":"56e5a1ec4f1c1b13428b4598","slug":"the-weather-changed-attitude-of-farmers-is-flying-in-the-face-of-pale","type":"story","status":"publish","title_hn":"मौसम के बदले रुख से किसानों के चेहरे पर उड़ रही हवाइयां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मौसम के बदले रुख से किसानों के चेहरे पर उड़ रही हवाइयां
ब्यूरो/लखीमपुर खीरी।
Updated Sun, 13 Mar 2016 11:23 PM IST
विज्ञापन
किसान
- फोटो : अमर उजाला
सरसों और मसूर काफी पड़ी है खलिहानों में
आसमान में छाए बादलों से किसानों के चेहरे पर हवाइयां उड़ने लगी हैं। इन दिनों सरसों और मसूर की फसल कटनी शुरू हो गई है। तमाम फसल कटकर खलिहानों में पड़ी है। ऐसे में आसमान में छाए बादलों को देख किसान हलकान हैं। पिछले साल अप्रैल माह में भारी बारिश और ओले गिरने से किसानों की फसल तबाह हो गई थी। इस नुकसान से किसान अब तक उबर नहीं पाए हैं। मौसम के बदले रुख को देख किसान परेशान हैं। उनका कहना है कि यदि फिर बेमौसम बारिश हुई तो उन्हें एक बार फिर तबाही का दंश झेलना पड़ सकता है।
पिछले कई दिनों से लगातार बढ़ रही गर्मी के बीच शनिवार को दोपहर में बादल छाने लगे लेकिन कुछ देर बाद ही आसमान साफ हो गया और धूप निकल आई। रात भर मौसम साफ रहने के बाद रविवार को भी छिटपुट बादल आसमान में तैरते दिखाई दिए। इससे किसानों के चेहरे पर हवाइयां उड़ने लगीं। फिलहाल जिले में कहीं बूंदाबांदी तक नहीं हुई है। इससे किसानों ने राहत की सांस ली है। इसके बावजूद किसान जल्दी से जल्दी अपनी फसलें उठा कर ठिकाने लगाने में जुट गए है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश और ओले गिरने से फसल की हुई तबाही से जिले के किसानों में भी डर सा समा गया है।
विज्ञापन
आसमान में छाए बादलों से किसानों के चेहरे पर हवाइयां उड़ने लगी हैं। इन दिनों सरसों और मसूर की फसल कटनी शुरू हो गई है। तमाम फसल कटकर खलिहानों में पड़ी है। ऐसे में आसमान में छाए बादलों को देख किसान हलकान हैं। पिछले साल अप्रैल माह में भारी बारिश और ओले गिरने से किसानों की फसल तबाह हो गई थी। इस नुकसान से किसान अब तक उबर नहीं पाए हैं। मौसम के बदले रुख को देख किसान परेशान हैं। उनका कहना है कि यदि फिर बेमौसम बारिश हुई तो उन्हें एक बार फिर तबाही का दंश झेलना पड़ सकता है।
पिछले कई दिनों से लगातार बढ़ रही गर्मी के बीच शनिवार को दोपहर में बादल छाने लगे लेकिन कुछ देर बाद ही आसमान साफ हो गया और धूप निकल आई। रात भर मौसम साफ रहने के बाद रविवार को भी छिटपुट बादल आसमान में तैरते दिखाई दिए। इससे किसानों के चेहरे पर हवाइयां उड़ने लगीं। फिलहाल जिले में कहीं बूंदाबांदी तक नहीं हुई है। इससे किसानों ने राहत की सांस ली है। इसके बावजूद किसान जल्दी से जल्दी अपनी फसलें उठा कर ठिकाने लगाने में जुट गए है।
विज्ञापन
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश और ओले गिरने से फसल की हुई तबाही से जिले के किसानों में भी डर सा समा गया है।