{"_id":"56e45d044f1c1bd5748b45ed","slug":"ban-on-the-entry-of-activists","type":"story","status":"publish","title_hn":"एक्टिविस्ट के प्रवेश पर लगाई पाबंदी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एक्टिविस्ट के प्रवेश पर लगाई पाबंदी
हाथरस/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 13 Mar 2016 12:35 AM IST
विज्ञापन
हाथरस। राज्य सूचना आयुक्त एसएचए रिजवी ने जिले के एक आरटीआई एक्टिविस्ट के व्यवहार से आहत होकर सुनवाई के समय उनके कक्ष संख्या एस 8 में प्रवेश पर पाबंदी लगा दी है। आयुक्त ने अपने विस्तृत आदेश में कहा है कि इन एक्टिविस्ट के प्रकरणों में अभिलेखों के अनुसार ही निर्णय लिए जाएंगे। एक्टिविस्ट को निर्देशित किया है कि वह अनुशासित एवं संयत भाव से बिना आपत्तिजनक कथन किए कार्यालय में उपस्थित होकर सूचना आदि प्राप्त कर सकेंगे। यदि आपत्ति का अवसर उन्हें दिया जाता है तो आपत्ति दर्ज कर सकते हैं।
आयुक्त ने टिप्पणी की है कि इन शख्स के आचरण के संबंध में उनके मित्र अधिवक्ता और खुद उनके द्वारा कौंसलिंग की गई है। बावजूद इसके पर्याप्त अवसर दिए जाने के बाद भी उनके व्यवहार से यह स्पष्ट हो गया है कि उनके आचरण में कोई सुधार संभव नहीं है। इनके इस आचरण से सुनवाई बाधित होने के साथ ही सुनवाई के समय कोर्ट की मर्यादा भी भंग होती है। गौरव अग्रवाल एडवोकेट ने भी 29 जनवरी को आयोग के सामने इस बारे में लिखित रूप से आवेदन प्रस्तुत किया था, जिसे संज्ञान में आयोग ने जांच कराई थी।
विज्ञापन
आयुक्त ने टिप्पणी की है कि इन शख्स के आचरण के संबंध में उनके मित्र अधिवक्ता और खुद उनके द्वारा कौंसलिंग की गई है। बावजूद इसके पर्याप्त अवसर दिए जाने के बाद भी उनके व्यवहार से यह स्पष्ट हो गया है कि उनके आचरण में कोई सुधार संभव नहीं है। इनके इस आचरण से सुनवाई बाधित होने के साथ ही सुनवाई के समय कोर्ट की मर्यादा भी भंग होती है। गौरव अग्रवाल एडवोकेट ने भी 29 जनवरी को आयोग के सामने इस बारे में लिखित रूप से आवेदन प्रस्तुत किया था, जिसे संज्ञान में आयोग ने जांच कराई थी।
विज्ञापन