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एमएमएमयूटी में रोबोटिक्स का रोचक मुकाबला, अंतिम चरण में पहुंच पाईं आठ टीमें
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
Updated Sun, 14 Oct 2018 01:13 AM IST
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मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (एमएमएमयूटी) के तीन दिवसीय (12 से 14) तकनीकी महोत्सव ‘टेक सृजन 2018’ में शनिवार को आइस्क्रीम स्टिक से पुल बनाया गया। फिर वजन रखकर उसकी मजबूती देखी गई। निर्णायक मंडल ने आईटीएम गीडा के सर्वेश कुमार और विषव सिंह के स्टिक ओवर ब्रिज के मॉडल को सराहा। कहा कि स्टिक ब्रिज 77 किलोग्राम वजन सह सकता है।
प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के तकनीकी महोत्सव में रोबोटिक्स का मुकाबला रोचक रहा। दूसरे राउंड में रोबो वार कराया गया। उसमें 23 टीमों ने हिस्सा लिया। चार पहिया वाले रोबो एक दूसरे को पीछे छोड़ते दिखे। जब रिजल्ट आया तो आठ टीमें अंतिम चरण में पहुंच सकीं। तकनीकी और सामाजिक विषयों पर मंथन के साथ शोध पत्र भी प्रस्तुत किए गए। इसमें आयुष शेखर सिंह, हर्षिता त्रिपाठी और दिव्यांशी श्रीवास्तव को संयुक्त रूप से पहला स्थान मिला।
अंशिका मिश्रा, रुचि सिंह और सार्थक श्रीवास्तव द्वितीय स्थान पर रहे। स्पीड ब्रेकर से बिजली बनाने, ध्वस्त मकान के निर्माण सामग्री की रिसाइकिलिंग का मॉडल सराहा गया। टेक जार की विजेता अनुष्का प्रजापति रहीं। गगनदीप सिंह और विक्रमादित्य सिंह को माडल भी सराहे गए।
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टेक नीति में विद्यार्थियों के व्यावसायिक ज्ञान को परखा गया। बाजार के उतार-चढ़ाव पर जानकारी ली गई। इसमें एमबीए के ऋषभ दुबे और आदित्य सिंह को पहला स्थान, सार्थक और गौरव सिंह को दूसरा स्थान मिला। तकनीकी ज्ञान पर आधारित सवाल-जवाब में प्रियंका राय का प्रदर्शन श्रेष्ठ रहा। आदित्य और श्रेयस को भी पुरस्कृत किया गया।
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प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के तकनीकी महोत्सव में रोबोटिक्स का मुकाबला रोचक रहा। दूसरे राउंड में रोबो वार कराया गया। उसमें 23 टीमों ने हिस्सा लिया। चार पहिया वाले रोबो एक दूसरे को पीछे छोड़ते दिखे। जब रिजल्ट आया तो आठ टीमें अंतिम चरण में पहुंच सकीं। तकनीकी और सामाजिक विषयों पर मंथन के साथ शोध पत्र भी प्रस्तुत किए गए। इसमें आयुष शेखर सिंह, हर्षिता त्रिपाठी और दिव्यांशी श्रीवास्तव को संयुक्त रूप से पहला स्थान मिला।
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अंशिका मिश्रा, रुचि सिंह और सार्थक श्रीवास्तव द्वितीय स्थान पर रहे। स्पीड ब्रेकर से बिजली बनाने, ध्वस्त मकान के निर्माण सामग्री की रिसाइकिलिंग का मॉडल सराहा गया। टेक जार की विजेता अनुष्का प्रजापति रहीं। गगनदीप सिंह और विक्रमादित्य सिंह को माडल भी सराहे गए।
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