{"_id":"5f2432a98ebc3eb06f35675b","slug":"river-faizabad-news-lko533284011","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरयू लाल निशान से 37 सेमी. ऊपर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरयू लाल निशान से 37 सेमी. ऊपर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अयोध्या। सरयू में शुक्रवार को एक बार फिर उफान तेज हो गया है। पहाडों में बारिश के चलते सरयू ने इस वर्ष के उच्चतम बिंदु को स्पर्श कर लिया है। शुक्रवार की शाम सरयू का जलस्तर 93.10 मीटर रिकार्ड किया गया जो कि लाल निशान से 37 सेमी ऊपर है।
सरयू के जलस्तर में एक सेमी की रफ्तार से वृद्घि दर्ज की जा रही है। उधर सरयू में उफान के चलते तटवर्ती इलाकों में हलचल बढ़ गयी है, लोगों का पलायन तेज हो गया है। प्रशासन ने तटबंधों की निगरानी बढ़ा दी है।
सरयू ने इस सत्र में शुक्रवार को चौथी बार लाल निशान पार किया। गुरूवार की शाम सरयू का जलस्तर 92.72 मीटर रिकार्ड किया गया था। आधी रात से सरयू के जलस्तर में तेजी से वृद्घि शुरू हो गई।
विज्ञापन
केंद्रीय जल आयोग के अभियंता संजय ने बताया कि सरयू के जलस्तर में एक सेमी की रफ्तार से वृद्घि दर्ज की जा रही है। सरयू अभी लाल निशान से 37 सेमी ऊपर बह रही है।
एडीएम वित्त एवं राजस्व जीएल शुक्ल ने बताया कि बाढ़ के खतरे को लेकर पूरी सतर्कता बरती जा रही है। बंधों की निगरानी बढ़ा दी गई है। बाढ़ चौकियों पर राजस्व विभाग की टीमों को मुस्तैद रहने का निर्देश दिया गया है, अभी आबादी वाले इलाकों में बाढ़ का कोई खतरा नहीं है।
विज्ञापन
सरयू के जलस्तर में एक सेमी की रफ्तार से वृद्घि दर्ज की जा रही है। उधर सरयू में उफान के चलते तटवर्ती इलाकों में हलचल बढ़ गयी है, लोगों का पलायन तेज हो गया है। प्रशासन ने तटबंधों की निगरानी बढ़ा दी है।
विज्ञापन
सरयू ने इस सत्र में शुक्रवार को चौथी बार लाल निशान पार किया। गुरूवार की शाम सरयू का जलस्तर 92.72 मीटर रिकार्ड किया गया था। आधी रात से सरयू के जलस्तर में तेजी से वृद्घि शुरू हो गई।
विज्ञापन
केंद्रीय जल आयोग के अभियंता संजय ने बताया कि सरयू के जलस्तर में एक सेमी की रफ्तार से वृद्घि दर्ज की जा रही है। सरयू अभी लाल निशान से 37 सेमी ऊपर बह रही है।
एडीएम वित्त एवं राजस्व जीएल शुक्ल ने बताया कि बाढ़ के खतरे को लेकर पूरी सतर्कता बरती जा रही है। बंधों की निगरानी बढ़ा दी गई है। बाढ़ चौकियों पर राजस्व विभाग की टीमों को मुस्तैद रहने का निर्देश दिया गया है, अभी आबादी वाले इलाकों में बाढ़ का कोई खतरा नहीं है।