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एटीएम अब भी बंद, बैंकों में मारामारी
फैजाबाद
Updated Sun, 13 Nov 2016 10:28 PM IST
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फैजाबाद में रविवार को बड़े डाकघर में पैसे के निकासी के लिए लगी लंबी कतार ।
- फोटो : अमर उजाला
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हजार व पांच सौ के नोट बंद किए जाने के पांचवें दिन रविवार को भी बैंक और डाकघर खुले मगर सुबह से लगीं कतारों के बीच हजार व पांच सौ के नोट बदलने को मारामारी जारी रही। एटीएम से अभी भी धोखा ही मिल रहा है। चंद एटीएम काम कर रहे थे, मगर घंटे भर में ही सौ के नोट खत्म हो गए।
इस दौरान लोगों को घंटों कतार में इंतजार करते बीता। देहात इलाकों में कई जगह पुलिस ने हालात संभाले। इस बीच गुरुनानक एजुकेशन सोसाइटी के लोगों ने एसबीआई पुस्पराज, नियावां आदि शाखाओं पर कतार में खड़े लोगों को चाय-पानी पिला राहत दी।
संडे को भी बैंक सुबह से खुले रहे, नोट बदलने व जमा करने को लेकर लोगों की कतारें लगीं रहीं। जिले भर की बैंक शाखाओं व डाकघर पर सुबह से भीड़ उमड़ी रही। हाल यह है कि नकदी जमा किए जाने के सारे रिकार्ड टूटते जा रहे हैं लेकिन इसका अधिकृत आंकड़ा सीधे मुख्यालय भेजा जा रहा है।
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हजार व पांच सौ नोट बंद किए जाने के बाद से घर में रखे नोटों को बदलने व जमा करने की हड़बड़ाहट लोगों में रविवार को भी बैंक व डाकघर की शाखाओं में साफ दिखी। किसी शाखा पर ग्राहकों की सर्वाधिक भीड़ कतार लगाए मिली तो कहीं यह संख्या कम रही लेकिन शाखा परिसर से बाहर सड़क तक लोग नोट जमा व बदलने के लिए अपनी बारी का इंतजार करते रहे।
सिविल लाइंस स्थित पंजाब नेशनल बैंक, रिकाबगंज स्थित यूको बैंक, नियांवा स्थित आईडीबीआई बैंक, विश्वविद्यालय रोड पर बैंक ऑफ इंडिया आदि जगहों पर ग्राहकों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। प्रधान डाकघर कार्यालय सहित जिले भर की डाक शाखाओं पर ग्राहकों की भीड़ अपनी बारी के इंतजार में कतार में लगी रही।
भेलसर एसबीआई में लोगों ने सीढ़ियों की रेलिंग तोड़ी :जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में चौथे दिन ग्राहकों को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कहीं एटीएम के ताले नहीं खुले तो कहीं दोपहर होने से पहले ही एटीएम से नोट खत्म हो गए।
कहीं सरवर बैठ गया तो कहीं फुटकर के अभाव में दुकानें ही नहीं खुली। बैंकों के बाहर लंबी कतार लगी रही। रौजागांव प्रतिनिधि के मुताबिक रविवार को भी बैंकों और एटीएम पर लोगों की लंबी कतारे लगी रहीं। अब जनता के सब्र का बांध टूटने लगा है।
इस बात को लेकर कई बैंको में हंगामा भी हुआ। भेलसर स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में लोगों ने बैंक सीढ़ियों पर लगी रेलिंग तोड़ दी। वहीं बाजारों में करेंसी न होने के कारण सन्नाटा पसरा रहा।
मिल्कीपुर प्रतिनिधि के मुताबिक क्षेत्र में बैंको पर रविवार को ग्राहकों की लंबी कतार लगी रही। सुबह से ही बैंकों में सरवर बैठ जाने से कार्य ठप हो गया। पुलिस व ग्राहकों में कहासुनी तक हुई। क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक कुचेरा, बैंक ऑफ़ बड़ौदा मिल्कीपुर, स्टेट बैंक मिल्कीपुर, इलाहाबाद बैंक मिल्कीपुर में भी लंबी कतारे लगी रहीं।
गोसाईगंज प्रतिनिधि के मुताबिक यूनियन बैंक, स्टेट बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा व पंजाब नेशनल बैंक को छोड़कर किसी भी बैंक व डाक घर में नए और पुराने नोट नहीं पहुंचे थे। नगर के किसी भी एटीएम के ताले नहीं खुले। बहादुरगंज प्रतिनिधि के मुताबिक कुमारगंज स्थित उप-डाकघर में पिछले तीन दिनों नोट नहीं बदले जा रहे है।
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इस दौरान लोगों को घंटों कतार में इंतजार करते बीता। देहात इलाकों में कई जगह पुलिस ने हालात संभाले। इस बीच गुरुनानक एजुकेशन सोसाइटी के लोगों ने एसबीआई पुस्पराज, नियावां आदि शाखाओं पर कतार में खड़े लोगों को चाय-पानी पिला राहत दी।
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संडे को भी बैंक सुबह से खुले रहे, नोट बदलने व जमा करने को लेकर लोगों की कतारें लगीं रहीं। जिले भर की बैंक शाखाओं व डाकघर पर सुबह से भीड़ उमड़ी रही। हाल यह है कि नकदी जमा किए जाने के सारे रिकार्ड टूटते जा रहे हैं लेकिन इसका अधिकृत आंकड़ा सीधे मुख्यालय भेजा जा रहा है।
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हजार व पांच सौ नोट बंद किए जाने के बाद से घर में रखे नोटों को बदलने व जमा करने की हड़बड़ाहट लोगों में रविवार को भी बैंक व डाकघर की शाखाओं में साफ दिखी। किसी शाखा पर ग्राहकों की सर्वाधिक भीड़ कतार लगाए मिली तो कहीं यह संख्या कम रही लेकिन शाखा परिसर से बाहर सड़क तक लोग नोट जमा व बदलने के लिए अपनी बारी का इंतजार करते रहे।
सिविल लाइंस स्थित पंजाब नेशनल बैंक, रिकाबगंज स्थित यूको बैंक, नियांवा स्थित आईडीबीआई बैंक, विश्वविद्यालय रोड पर बैंक ऑफ इंडिया आदि जगहों पर ग्राहकों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं। प्रधान डाकघर कार्यालय सहित जिले भर की डाक शाखाओं पर ग्राहकों की भीड़ अपनी बारी के इंतजार में कतार में लगी रही।
भेलसर एसबीआई में लोगों ने सीढ़ियों की रेलिंग तोड़ी :जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में चौथे दिन ग्राहकों को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कहीं एटीएम के ताले नहीं खुले तो कहीं दोपहर होने से पहले ही एटीएम से नोट खत्म हो गए।
कहीं सरवर बैठ गया तो कहीं फुटकर के अभाव में दुकानें ही नहीं खुली। बैंकों के बाहर लंबी कतार लगी रही। रौजागांव प्रतिनिधि के मुताबिक रविवार को भी बैंकों और एटीएम पर लोगों की लंबी कतारे लगी रहीं। अब जनता के सब्र का बांध टूटने लगा है।
इस बात को लेकर कई बैंको में हंगामा भी हुआ। भेलसर स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में लोगों ने बैंक सीढ़ियों पर लगी रेलिंग तोड़ दी। वहीं बाजारों में करेंसी न होने के कारण सन्नाटा पसरा रहा।
मिल्कीपुर प्रतिनिधि के मुताबिक क्षेत्र में बैंको पर रविवार को ग्राहकों की लंबी कतार लगी रही। सुबह से ही बैंकों में सरवर बैठ जाने से कार्य ठप हो गया। पुलिस व ग्राहकों में कहासुनी तक हुई। क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक कुचेरा, बैंक ऑफ़ बड़ौदा मिल्कीपुर, स्टेट बैंक मिल्कीपुर, इलाहाबाद बैंक मिल्कीपुर में भी लंबी कतारे लगी रहीं।
गोसाईगंज प्रतिनिधि के मुताबिक यूनियन बैंक, स्टेट बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा व पंजाब नेशनल बैंक को छोड़कर किसी भी बैंक व डाक घर में नए और पुराने नोट नहीं पहुंचे थे। नगर के किसी भी एटीएम के ताले नहीं खुले। बहादुरगंज प्रतिनिधि के मुताबिक कुमारगंज स्थित उप-डाकघर में पिछले तीन दिनों नोट नहीं बदले जा रहे है।