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नकली देसी शराब पकड़ी गई
ब्यूरो अमर उजाला/ देवरिया
Updated Sun, 06 Mar 2016 10:58 PM IST
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देवरिया में नकली देशी शराब पकड़ी गई।
- फोटो : demo pic
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देवरिया के बैतालपुर में देसी शराब के नकली कारोबार का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। अवैध रूप से बनाई जा रही नकली शराब गोरखपुर के देसी शराब की दुकानों में कम दाम में बेची जाती थी। पुलिस ने तीन सौ शीशी शराब के साथ दो आरोपियों को पकड़ लिया है। मौके पर शराब बनाने वाले उपकरण के साथ अन्य सामान बरामद हुआ। पुलिस मामले की पड़ताल में जुटी है।
गौरीबाजार के बैतालपुर चौकी प्रभारी श्रवण यादव ने फोर्स के साथ शनिवार की रात इलाके के सझवा और बलुआ गांव में घेराबंदी की। इस दौरान पुलिस ने बाइक सवार दो युवकों को पकड़ लिया। उनकी पहचान हिमांशु और सझवा निवासी विकास यादव के रूप में हुई। दोनों युवकों के पास से तीन सौ शीशी नकली देसी शराब पकड़ी गई। करीब पांच सौ खाली शीशी पर आबकारी विभाग के मोनोग्राम मिले। बीस लीटर स्प्रिट, शराब बनाने वाले उपकरण, रैपर, सहित अन्य उपकरण पुलिस ने बरामद किए हैं।
गांव में युवक ने गोदाम बना रखा था। दोनों युवकों ने पूछताछ के दौरान बताया कि धोखाधड़ी कर नकली देसी शराब बनाई जाती थी। रैपर, मोनोग्राम लगाकर गोरखपुर के देसी शराब की दुकानों में पर इन नकली शराब की सप्लाई की जाती थी। ठेकेदार आधी रेट पर नकली शराब को खरीदते थे।
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पुलिस मामले की जांच शुरू कर दी है। आरोपियों के निशानदेही पर पुलिस शराब के और ठिकानों पर तलाश कर रही है। एसओ गौरीबाजार अनिल पांडेय ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने नकली शराब का भंडाफोड़ किया है। दोनों आरोपियों से धंधे में शामिल लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। दोनों के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
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गौरीबाजार के बैतालपुर चौकी प्रभारी श्रवण यादव ने फोर्स के साथ शनिवार की रात इलाके के सझवा और बलुआ गांव में घेराबंदी की। इस दौरान पुलिस ने बाइक सवार दो युवकों को पकड़ लिया। उनकी पहचान हिमांशु और सझवा निवासी विकास यादव के रूप में हुई। दोनों युवकों के पास से तीन सौ शीशी नकली देसी शराब पकड़ी गई। करीब पांच सौ खाली शीशी पर आबकारी विभाग के मोनोग्राम मिले। बीस लीटर स्प्रिट, शराब बनाने वाले उपकरण, रैपर, सहित अन्य उपकरण पुलिस ने बरामद किए हैं।
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गांव में युवक ने गोदाम बना रखा था। दोनों युवकों ने पूछताछ के दौरान बताया कि धोखाधड़ी कर नकली देसी शराब बनाई जाती थी। रैपर, मोनोग्राम लगाकर गोरखपुर के देसी शराब की दुकानों में पर इन नकली शराब की सप्लाई की जाती थी। ठेकेदार आधी रेट पर नकली शराब को खरीदते थे।
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पुलिस मामले की जांच शुरू कर दी है। आरोपियों के निशानदेही पर पुलिस शराब के और ठिकानों पर तलाश कर रही है। एसओ गौरीबाजार अनिल पांडेय ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने नकली शराब का भंडाफोड़ किया है। दोनों आरोपियों से धंधे में शामिल लोगों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। दोनों के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।