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घोड़ी पर बैठ दुल्हनें लाएंगी बारात, दूल्हे होंगे मंच पर
वाराणसी/प्रेमन कुमार मौर्य
Updated Sun, 21 Apr 2013 12:49 AM IST
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कहते हैं कि जमाना भले बदल जाए लेकिन रस्में नहीं बदला करतीं। पर, रविवार को वाराणसी के कंदवा, घमहापुर में होने वाले वैवाहिक आयोजन में तो कुछ और ही नजरा दिखेगा।
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रीति-रिवाजों और परंपराओं की लीक छोड़कर रिश्ते जोड़ने की नई स्टाइल से समाज को रूबरू कराया जाएगा।
जी हां, यहां एक भोजपुरी फिल्म निर्माता के दो पुत्रों की शादी बहुतों के लिए यादगार बनने वाली है।
वर पक्ष की ओर से बनाए जाने वाले मंडप में दुल्हनें बाजे-गाजे के साथ घोड़ियों पर सवार होकर ब्याह रचाने पहुंचेंगी।
कंदवा में रविवार की शाम अनूठे ढंग की शादी की गवाह जनता के साथ वहां की विधायक अनुप्रिया पटेल भी बनेंगी। इसमें पहली बार लड़के वालों के घर लड़की वाले बारात लेकर आएंगे।
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‘लागल चुनरी में दाग’ और ‘कातिल बनाया आपने’ जैसी भोजपुरी फिल्मों के निर्माता डा. डीएल कश्यप के दो पुत्रों की शादी होनी है।
दूल्हा बनने वाले उनके एक पुत्र सावन कुमार साफ्टवेयर इंजीनियर हैं और दूसरे गौरव जिम चलाते हैं।
दूल्हे जहां सेहरा बांध हाथी से निकलेंगे, वहीं घमहापुर (हरदत्तपुर) निवासी कृषक नंदलाल की बेटी सुमन और छतरीपुर पाही निवासी दिनेश पटेल की पुत्री पूजा दुल्हन के रूप में अपने घर से घोड़ी पर सवार होकर घमहापुर स्थित शादी के मंडप में पहुंचेगी।
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इस शादी में पुरोहित भी नहीं होंगे। सिर्फ घंटेभर में होने वाली शादी में वर-वधू माला पहनाएंगे।
दोनों कन्या पक्ष की ओर से करीब पांच-पांच सौ बारातियों के आने की संभावना है।
नाचते-गाते घोड़ी पर सवार होकर दुल्हनों के पंडाल में पहुंचने पर दूल्हों के साथ उनको आकर्षक मंच पर बैठाया जाएगा। इसके बाद मंच पर वर और वधू एक-दूसरे के गले में जयमाल डालेंगे। फिर सिंदूर दान किया जाएगा।
-डॉ. डीएल कश्यप, दूल्हों के पिता