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कलक्ट्रेट में बिफरे राशनकार्ड धारक
ब्ययूराो, अमर उजाला बरेली।
Updated Wed, 09 Mar 2016 10:07 PM IST
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ऑनलाइन राशनकार्ड उपभोक्ताओं के लिए मुसीबत बन गए हैं। ऑनलाइन फार्म की पर्चियों पर राशन के बजाय दुत्कार मिलने से क्षुब्ध उपभोक्ताओं ने कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया फिर जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन अपर नगर मजिस्ट्रेट को दिया।
मोहल्ला बानखाना के तमाम स्त्री-पुरुष कोटेदार की मनमानी और अपशब्द बोलने से क्षुब्ध होकर कलक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन किया। ये ऑनलाइन राशनकार्ड बनवाने के नाम पर की जा रही धांधली की जांच कराकर न्याय दिलाये जाने की मांग कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि मोहल्ला बानखाना में जिन लोगों की सस्ता गल्ला की दुकानें हैं उनसे राशन प्राप्त करते रहे हैं। वर्ष 2015 में राशनकार्ड डिजिटलाइजेशन कार्यक्रम के अंतर्गत ऑनलाइन राशनकार्ड भराये थे। वर्तमान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत खाद्यन्न वितरण शुरू हुआ तो जिन पर पर्ची उपलब्ध नहीं थी उनको राशन नहीं दिया गया और दबंगई दिखाकर अपशब्द बोल कर भगा दिया। एक विशेष लोकवाणी केंद्र से फिर ऑनलाइन फार्म भराने का दवाब बनाया जा रहा है।
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मोहल्ला बानखाना के तमाम स्त्री-पुरुष कोटेदार की मनमानी और अपशब्द बोलने से क्षुब्ध होकर कलक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन किया। ये ऑनलाइन राशनकार्ड बनवाने के नाम पर की जा रही धांधली की जांच कराकर न्याय दिलाये जाने की मांग कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि मोहल्ला बानखाना में जिन लोगों की सस्ता गल्ला की दुकानें हैं उनसे राशन प्राप्त करते रहे हैं। वर्ष 2015 में राशनकार्ड डिजिटलाइजेशन कार्यक्रम के अंतर्गत ऑनलाइन राशनकार्ड भराये थे। वर्तमान में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत खाद्यन्न वितरण शुरू हुआ तो जिन पर पर्ची उपलब्ध नहीं थी उनको राशन नहीं दिया गया और दबंगई दिखाकर अपशब्द बोल कर भगा दिया। एक विशेष लोकवाणी केंद्र से फिर ऑनलाइन फार्म भराने का दवाब बनाया जा रहा है।
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