{"_id":"63b85868b6e2d63df25ce39b","slug":"shiva-thapa-hussamuddin-clinch-gold-medals-as-services-defend-crown-at-national-boxing","type":"story","status":"publish","title_hn":"National Boxing: लगातार दूसरी बार चैंपियन बनी सेना, शिव थापा और हुसामुद्दीन ने जीते स्वर्ण पदक","category":{"title":"Sports","title_hn":"खेल","slug":"sports"}}
National Boxing: लगातार दूसरी बार चैंपियन बनी सेना, शिव थापा और हुसामुद्दीन ने जीते स्वर्ण पदक
Fri, 06 Jan 2023 10:50 PM IST
शक्तिराज सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, हिसार
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, हिसार
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Fri, 06 Jan 2023 10:50 PM IST
सार
शिव थापा ने 63.5 किलोग्राम भारवर्ग और हुसामुद्दीन ने 57 किलोग्राम भारवर्ग में स्वर्ण पदक हासिल किया। शिव ने एकतरफा मुकाबले में 5-0 के अंतर से जीत हासिल की। वहीं, हुसामुद्दीन को काफी संघर्ष के बाद 4-1 से जीत मिली।
विज्ञापन
राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैंपियनशिप में शिव थापा और मोहम्मद हुसामुद्दीन ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इसके साथ सेना ने लगातार दूसरी बार खिताब अपने नाम किया। सेना ने 10 पदक हासिल किए। रिकॉर्ड छह बार के एशियाई पदक विजेता शिव थापा ने रेलवे स्पोर्ट्स प्रमोशन बोर्ड के अंकित नरवाल को 5-0 के अंतर से हराकर 63.5 किग्रा भारवर्ग में स्वर्ण पदक हासिल किया। अंकित ने 2021 विश्व युवा चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता था।
हालांकि, हुसामुद्दीन को 57 किग्रा वर्ग के फाइनल में आरएसपीबी के सचिन पर जीत हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ी। सचिन 2016 में विश्व युवा चैंपियन बने थे। हुसामुद्दीन को पिछले साल के फाइनल में हार का सामना करना पड़ा था। हालांकि, इस बार दो बार के राष्ट्रमंडल खेलों के कांस्य पदक विजेता ने 4-1 खिताबी मुकाबला अपने नाम किया।
एशियाई चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता नरेंद्र को 92 किलोग्राम भारवर्ग में 2022 राष्ट्रमंडल खेलों के रजत पदक विजेता सागर ने वाकओवर दे दिया। सागर चोट की वजह से खिताबी मुकाबला नहीं खेल सके।
विज्ञापन
हसामुद्दीन और नरेंद्र के अलावा सेना के मुक्केबाजों ने प्रतियोगिता के अंतिम दिन कुल छह स्वर्ण, एक रजत और तीन कांस्य पदक जीते। विश्वामित्र चोंगथम (51 किग्रा), सचिन (54 किग्रा), आकाश (67 किग्रा) और सुमित (75 किग्रा) ने स्वर्ण पदक हासिल किए।
आरएसपीबी की टीम दो स्वर्ण, तीन रजत और दो कांस्य के साथ दूसरे स्थान पर रही। वहीं, पंजाब की टीम एक स्वर्ण, दो रजत और छह कांस्य के साथ तीसरे स्थान पर रही।
अभिमन्यु लौरा (80 किग्रा) और नवीन कुमार (92 किग्रा) ने कड़े मुकाबले में जीत के साथ अपने अभियान का अंत किया। दोनों ने अपने-अपने वर्ग में स्वर्ण पदक जीते। इस प्रतियोगिता में 13 भार वर्ग में 386 मुक्केबाजों ने भाग लिया।
विज्ञापन
हालांकि, हुसामुद्दीन को 57 किग्रा वर्ग के फाइनल में आरएसपीबी के सचिन पर जीत हासिल करने के लिए कड़ी मेहनत करनी पड़ी। सचिन 2016 में विश्व युवा चैंपियन बने थे। हुसामुद्दीन को पिछले साल के फाइनल में हार का सामना करना पड़ा था। हालांकि, इस बार दो बार के राष्ट्रमंडल खेलों के कांस्य पदक विजेता ने 4-1 खिताबी मुकाबला अपने नाम किया।
विज्ञापन
एशियाई चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता नरेंद्र को 92 किलोग्राम भारवर्ग में 2022 राष्ट्रमंडल खेलों के रजत पदक विजेता सागर ने वाकओवर दे दिया। सागर चोट की वजह से खिताबी मुकाबला नहीं खेल सके।
विज्ञापन
हसामुद्दीन और नरेंद्र के अलावा सेना के मुक्केबाजों ने प्रतियोगिता के अंतिम दिन कुल छह स्वर्ण, एक रजत और तीन कांस्य पदक जीते। विश्वामित्र चोंगथम (51 किग्रा), सचिन (54 किग्रा), आकाश (67 किग्रा) और सुमित (75 किग्रा) ने स्वर्ण पदक हासिल किए।
आरएसपीबी की टीम दो स्वर्ण, तीन रजत और दो कांस्य के साथ दूसरे स्थान पर रही। वहीं, पंजाब की टीम एक स्वर्ण, दो रजत और छह कांस्य के साथ तीसरे स्थान पर रही।
अभिमन्यु लौरा (80 किग्रा) और नवीन कुमार (92 किग्रा) ने कड़े मुकाबले में जीत के साथ अपने अभियान का अंत किया। दोनों ने अपने-अपने वर्ग में स्वर्ण पदक जीते। इस प्रतियोगिता में 13 भार वर्ग में 386 मुक्केबाजों ने भाग लिया।