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ISSF Shooting Wolrd Cup: अर्जुन बाबुता मामूली अंतर से स्वर्ण पदक से चूके, भारत पदक तालिका में तीसरे स्थान पर
Sun, 20 Apr 2025 02:55 PM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, लीमा (पेरू)
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, लीमा (पेरू)
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Sun, 20 Apr 2025 02:55 PM IST
सार
फाइनल में बाबुता और पाटिल दोनों ने समान 10.1 के साथ मजबूत शुरुआत की। पाटिल ने पिछले सप्ताह ब्यूनस आयर्स में विश्व कप में स्वर्ण पदक जीता था, लेकिन इस बार भाग्य उनके साथ नहीं था और उन्हें फाइनल के शुरू बाहर होना पड़ा।
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अर्जुन बाबुता
- फोटो : PTI
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विस्तार
पेरिस ओलंपिक में भाग ले चुके भारतीय निशानेबाज अर्जुन बाबुता यहां आईएसएसएफ विश्व कप में पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में मामूली अंतर से स्वर्ण पदक से चूक गए और उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा जबकि आर्या बोरसे महिलाओं की स्पर्धा में पांचवें स्थान पर रहीं। पिछले साल पेरिस ओलंपिक में चौथे स्थान पर रहे बाबुता (252.3) रोमांचक फाइनल में मौजूदा ओलंपिक चैंपियन चीन के शेंग लिहाओ (252.4) से सिर्फ 0.1 अंक से हार गए।
विश्व कप में 40 से अधिक पदक जीत चुके हंगरी के निशानेबाज इस्तवान पेनी ने 229.8 के कुल स्कोर के साथ कांस्य पदक जीता। फाइनल में कई स्टार निशानेबाज पहुंचे थे जिनमें मौजूदा विश्व चैंपियन और पेरिस ओलंपिक के रजत पदक विजेता स्वीडन के विक्टर लिंडग्रेन, नॉर्वे के जॉन-हरमन हेग और भारत के पूर्व विश्व चैंपियन रुद्रांक्ष पाटिल शामिल थे।
भारत के पास दो पदक जीतने का मौका था, लेकिन दुर्भाग्य से तकनीकी खराबी के कारण पाटिल को जूरी ने अपना 11वां शॉट नहीं लेने दिया। इस तरह से यह भारतीय निशानेबाज पहले एलिमिनेशन चरण में हारकर आठवें स्थान पर रहा। फाइनल में बाबुता और पाटिल दोनों ने समान 10.1 के साथ मजबूत शुरुआत की। पाटिल ने पिछले सप्ताह ब्यूनस आयर्स में विश्व कप में स्वर्ण पदक जीता था, लेकिन इस बार भाग्य उनके साथ नहीं था और उन्हें फाइनल के शुरू बाहर होना पड़ा।
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पाटिल के बाहर हो जाने के बावजूद बाबुता शांत रहे और उन्होंने 14वें शॉट के बाद पहली बार बढ़त ले ली। शेंग ने इसके बाद अच्छी वापसी की। बाबुता को एक समय 0.3 अंक की मामूली बढ़त हासिल थी लेकिन चीन के निशानेबाज में 10.9 अंक का निशाना साधकर बढ़त बना दी। बाबुता का अंतिम स्कोर 10.5 फिर से बढ़त हासिल करने के लिए पर्याप्त नहीं था, क्योंकि शेंग ने 10.3 के साथ स्वर्ण पदक अपने नाम पक्का कर दिया।
इससे पहले क्वालिफिकेशन में बाबुता ने पहली रिले में 631.9 का मजबूत स्कोर बनाया, जबकि शेंग ने 635.0 के साथ सहजता से शीर्ष स्थान हासिल किया। पाटिल ने दूसरी रिले में 632.0 का स्कोर बनाकर ग्रुप का नेतृत्व किया और कुल मिलाकर तीसरा स्थान हासिल किया। भारत के हृदय हजारिका मामूली अंतर से फाइनल में जगह बनाने से चूक गए और 629.3 के स्कोर के साथ 10वें स्थान पर रहे।
आईएसएसएफ विश्व कप सर्किट के दूसरे चरण में 10 मीटर एयर राइफल महिला स्पर्धा में आर्या ने शनिवार को 633.9 का शानदार स्कोर बनाकर पांचवें स्थान पर रहकर फाइनल के लिए क्वालीफाई किया। वह मौजूदा जूनियर विश्व चैंपियन और स्वर्ण पदक विजेता चीन की वांग ज़िफेई से पीछे रहीं। चीन की निशानेबाज ने इस दौरान तीन विश्व रिकॉर्ड बनाए। आर्या 24 शॉट के फ़ाइनल के 18वें शॉट के बाद बाहर हो गईं। उनका स्कोर 188.1 था। चीन ने इस स्पर्धा में तीनों पदक जीते। हान जिया ने रजत जबकि फैन ज़िनी ने कांस्य पदक जीता।
चीन ने इस तरह से तीन स्वर्ण, तीन रजत और चार कांस्य पदक के साथ पदक तालिका में शीर्ष पर अपनी स्थिति मजबूत की। भारत अब दो स्वर्ण, दो रजत और एक कांस्य के साथ पदक तालिका में तीसरे स्थान पर है। उसने दूसरे स्थान पर काबिज अमेरिका से एक स्वर्ण पदक कम जीता है। पुरुष ट्रैप में अनुभवी जोरावर संधू और महिलाओं की स्पर्धा में प्रगति दुबे ने 25-25 के पहले राउंड में शानदार शुरुआत की।
जोरावर तीन राउंड के बाद 70 के स्कोर के साथ 21वें स्थान पर जबकि उनकी टीम के साथी पृथ्वीराज टोंडिमन और लक्ष्य श्योराण 69 के स्कोर के साथ क्रमशः 24वें और 25वें स्थान पर हैं। महिलाओं में राष्ट्रीय चैंपियन भव्या त्रिपाठी 69 (24,22,23) अंकों के साथ भारतीयों में सर्वश्रेष्ठ सातवें स्थान जबकि प्रगति 68 अंकों के साथ नौवें स्थान पर हैं। एक अन्य भारतीय खिलाड़ी नीरू 18वें स्थान पर हैं।
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विश्व कप में 40 से अधिक पदक जीत चुके हंगरी के निशानेबाज इस्तवान पेनी ने 229.8 के कुल स्कोर के साथ कांस्य पदक जीता। फाइनल में कई स्टार निशानेबाज पहुंचे थे जिनमें मौजूदा विश्व चैंपियन और पेरिस ओलंपिक के रजत पदक विजेता स्वीडन के विक्टर लिंडग्रेन, नॉर्वे के जॉन-हरमन हेग और भारत के पूर्व विश्व चैंपियन रुद्रांक्ष पाटिल शामिल थे।
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भारत के पास दो पदक जीतने का मौका था, लेकिन दुर्भाग्य से तकनीकी खराबी के कारण पाटिल को जूरी ने अपना 11वां शॉट नहीं लेने दिया। इस तरह से यह भारतीय निशानेबाज पहले एलिमिनेशन चरण में हारकर आठवें स्थान पर रहा। फाइनल में बाबुता और पाटिल दोनों ने समान 10.1 के साथ मजबूत शुरुआत की। पाटिल ने पिछले सप्ताह ब्यूनस आयर्स में विश्व कप में स्वर्ण पदक जीता था, लेकिन इस बार भाग्य उनके साथ नहीं था और उन्हें फाइनल के शुरू बाहर होना पड़ा।
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पाटिल के बाहर हो जाने के बावजूद बाबुता शांत रहे और उन्होंने 14वें शॉट के बाद पहली बार बढ़त ले ली। शेंग ने इसके बाद अच्छी वापसी की। बाबुता को एक समय 0.3 अंक की मामूली बढ़त हासिल थी लेकिन चीन के निशानेबाज में 10.9 अंक का निशाना साधकर बढ़त बना दी। बाबुता का अंतिम स्कोर 10.5 फिर से बढ़त हासिल करने के लिए पर्याप्त नहीं था, क्योंकि शेंग ने 10.3 के साथ स्वर्ण पदक अपने नाम पक्का कर दिया।
इससे पहले क्वालिफिकेशन में बाबुता ने पहली रिले में 631.9 का मजबूत स्कोर बनाया, जबकि शेंग ने 635.0 के साथ सहजता से शीर्ष स्थान हासिल किया। पाटिल ने दूसरी रिले में 632.0 का स्कोर बनाकर ग्रुप का नेतृत्व किया और कुल मिलाकर तीसरा स्थान हासिल किया। भारत के हृदय हजारिका मामूली अंतर से फाइनल में जगह बनाने से चूक गए और 629.3 के स्कोर के साथ 10वें स्थान पर रहे।
आईएसएसएफ विश्व कप सर्किट के दूसरे चरण में 10 मीटर एयर राइफल महिला स्पर्धा में आर्या ने शनिवार को 633.9 का शानदार स्कोर बनाकर पांचवें स्थान पर रहकर फाइनल के लिए क्वालीफाई किया। वह मौजूदा जूनियर विश्व चैंपियन और स्वर्ण पदक विजेता चीन की वांग ज़िफेई से पीछे रहीं। चीन की निशानेबाज ने इस दौरान तीन विश्व रिकॉर्ड बनाए। आर्या 24 शॉट के फ़ाइनल के 18वें शॉट के बाद बाहर हो गईं। उनका स्कोर 188.1 था। चीन ने इस स्पर्धा में तीनों पदक जीते। हान जिया ने रजत जबकि फैन ज़िनी ने कांस्य पदक जीता।
चीन ने इस तरह से तीन स्वर्ण, तीन रजत और चार कांस्य पदक के साथ पदक तालिका में शीर्ष पर अपनी स्थिति मजबूत की। भारत अब दो स्वर्ण, दो रजत और एक कांस्य के साथ पदक तालिका में तीसरे स्थान पर है। उसने दूसरे स्थान पर काबिज अमेरिका से एक स्वर्ण पदक कम जीता है। पुरुष ट्रैप में अनुभवी जोरावर संधू और महिलाओं की स्पर्धा में प्रगति दुबे ने 25-25 के पहले राउंड में शानदार शुरुआत की।
जोरावर तीन राउंड के बाद 70 के स्कोर के साथ 21वें स्थान पर जबकि उनकी टीम के साथी पृथ्वीराज टोंडिमन और लक्ष्य श्योराण 69 के स्कोर के साथ क्रमशः 24वें और 25वें स्थान पर हैं। महिलाओं में राष्ट्रीय चैंपियन भव्या त्रिपाठी 69 (24,22,23) अंकों के साथ भारतीयों में सर्वश्रेष्ठ सातवें स्थान जबकि प्रगति 68 अंकों के साथ नौवें स्थान पर हैं। एक अन्य भारतीय खिलाड़ी नीरू 18वें स्थान पर हैं।