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बगलामुखी जयंती: छिपे हुए शत्रुओं और दुखों का नाश करती हैं मां पीताम्बरा
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Updated Mon, 23 Apr 2018 11:20 AM IST
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23 अप्रैल 2018 को बगलामुखी जयंती मनाई जा रही है। वैशाख शुक्ल अष्टमी को देवी बगलामुखी प्रगट हुईं थीं। इस तिथि को मां बगलामुखी जयंती मनाई जाती है। मान्यता के अनुसार माता बगलामुखी इसी तिथि की रात्रि को जन्म लेकर भगवान विष्णु को वरदान दिया था। साथ ही ब्रह्रााजी के द्वारा रचित संसार के विनाश को रोका था। मां बगलामुखी को पीले रंग से विशेष लगाव होता है जिसके कारण इन्हें पीताम्बरा भी कहा जाता है। मां की पूजा में पीले रंग की सामग्री होने से पूजा का शुभ लाभ मिलता है।
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मां बगलामुखी की उपासना करने से सभी तरह की परेशानियों से मुक्ति मिल जाती है और शत्रुओं का नाश होता है। देवी बगलामुखी दस महाविद्या में आठ महाविद्या में महारत हासिल है। माता बगलामुखी की पूजा करने से आपके शत्रुओं की पराजय होती है और वाद विवाद में विजय प्राप्त होती है। माता की विशेष कृपा पाने के लिए घर के उत्तर दिशा में पीला कपड़ा पहनकर माता बगलामुखी की फोटो रख करके उनकी विधिवत पूजन करें। भोग के रूप में पीले रंग का फूल और बेसन का लड्डू चढ़ाएं।
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