खेल नीति-2020: हिमाचल में खिलाड़ियों को मिलेगा वेतन-पेंशन और तीन नए अवार्ड
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हिमाचल में खिलाड़ियों को वेतन-पेंशन और तीन नए अवार्ड दिए जाएंगे। जयराम सरकार ने नई खेल नीति-2020 तैयार कर ली है। इसके तहत ओलंपिक, एशियन और कॉमनवेल्थ के पदक विजेता को पेंशन दी जाएगी। अर्जुन अवार्ड, ध्यानचंद अवार्ड और राजीव गांधी खेल रत्न प्राप्त अवार्डियों को मासिक वेतन दिया जाएगा। गांवों से शहरों तक नए स्टेडियम बनाए जाएंगे। स्पोर्ट्स ट्रेनिंग डेस्टिनेशन बनाने के लिए 58 करोड़ का प्रस्ताव तैयार किया गया है।
मेहरबान जयराम सरकार ने खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी में तीन फीसदी आरक्षण देने और एथलीट को घायल होने पर एक लाख का बीमा कवर देने का फैसला भी लिया है। हाई एल्टीट्यूड खेलों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। बुधवार को नई खेल नीति जारी करते हुए प्रदेश सरकार ने आम जनता से सात जनवरी तक इसको लेकर सुझाव भी मांगे हैं। सुझाव प्राप्त होने के बाद आवश्यक बदलाव हो सकते हैं। राजपत्र में अधिसूचित होते ही प्रदेश में खेल नीति-2020 लागू हो जाएगी।
साल 2001 में प्रदेश की खेल नीति बनाई गई थी। अब जयराम सरकार ने 19 साल बाद खेल नीति-2020 तैयार की है। हिमाचल की नई खेल नीति में पहली बार दिव्यांगों की खेलों के साथ साहसिक खेलों को शामिल किया गया है। खेल मंत्री गोविंद ठाकुर ने बताया कि प्रदेश को खेल राज्य के तौर पर तैयार करने के मकसद से नई खेल नीति तैयार की गई है। खिलाड़ियों, खेल संघों से चर्चा करने के बाद इसे तैयार किया है।
ये मिलेंगे नए अवार्ड
- राज्य अभिमन्यु अवार्ड : जूनियर खिलाड़ियों को एकल श्रेणी में तीन और संयुक्त श्रेणी में दो अवार्ड दिए जाएंगे।
- राज्य गुरु वशिष्ठ अवार्ड : राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में खिलाड़ी भेजने वाले कोच को यह पुरस्कार मिलेगा।
- अवार्ड फॉर दिव्यांग : राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले दिव्यांग खिलाड़ी को यह अवार्ड मिलेगा।
प्रदेश में बनाएंगे स्पोर्ट्स म्यूजियम और लाइब्रेरी
प्रदेश में स्पोर्ट्स म्यूजियम और लाइब्रेरी भी बनेंगी। भाषा एवं संस्कृति और पर्यटन विभाग के साथ मिलकर स्पोर्ट्स म्यूजियम बनेगा। इसमें खेल गतिविधियों से जुड़े प्रदेश के इतिहास, बेहतरीन खिलाड़ियों की जानकारी मिलेगी। स्पोर्ट्स लाइब्रेरी में खेल से जुड़ी अलग-अलग तरह की लिखित सामग्री और ओलंपिक स्पोर्ट्स की किताबें होंगी।
सीएम की अध्यक्षता में बनेगी स्टेट स्पोर्ट्स काउंसिल
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में स्टेट स्पोर्ट्स काउंसिल का गठन होगा। खेल मंत्री काउंसिल के उपाध्यक्ष होंगे। खेल विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव, वित्त सचिव सहित प्रख्यात खिलाड़ी, खेल प्रशासक भी काउंसिल में शामिल होंगे। खेल गतिविधियों को बजट स्वीकृत करने और नीति व योजनाएं बनाने का काउंसिल काम करेगी। निदेशक खेल विभाग काउंसिल के सदस्य सचिव होंगे।