Lockdown4.0: जल्दबाजी में नहीं हिमाचल सरकार, बसें चलाने पर इस दिन के बाद होगा फैसला
हिमाचल सरकार कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के बीच ही आर्थिक गतिविधियों को तेज करने के लिए कर्फ्यू में और ढील दे सकती है। लॉकडाउन के बीच कर्फ्यू में ढील की अवधि को और बढ़ाया जा सकता है। इसे आहिस्ता-आहिस्ता पूरी तरह से खत्म भी किया जा सकता है। हालांकि, राज्य में बसें चलाने पर 20 मई के बाद ही फैसला होगा। लॉकडाउन-4 में किस तरह की छूट देनी है, इसके लिए हिमाचल सरकार केंद्रीय दिशा-निदेर्शों का इंतजार कर रही है। शनिवार को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में हुई अधिकारियों की बैठक में इस बारे में चर्चा की गई कि सोमवार से लॉकडाउन-4 शुरू होने के बाद किस-किस तरह की और छूट दी जाए।
हालांकि, इस चर्चा का कोई निष्कर्ष नहीं निकल पाया। यह तय किया गया कि केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों का इंतजार किया जाए। इनका अध्ययन करने के बाद ही सरकार रियायतें जारी करेगी। मुख्य सचिव अनिल कुमार खाची ने इसकी पुष्टि की। क्या प्रदेश में बस सेवा शुरू की जा सकती है, इसके जवाब में मुख्य सचिव बोले कि इस बारे में 20 मई के बाद ही फैसला होगा। जल्दबाजी में सार्वजनिक परिवहन को शुरू करना ठीक नहीं होगा। इसके लिए सामाजिक दूरी का विशेष रूप से ध्यान रखने की जरूरत होगी।
फिलहाल कर्फ्यू में है सात घंटे की ढील
वर्तमान में कर्फ्यू में सात घंटे की ढील है। शिमला जिले में यह ढील सुबह साढ़े नौ से साढ़े चार बजे शाम तक है। अन्य जिलों में भी अलग-अलग शेड्यूल इसी तरह से निर्धारित हैं। इस अवधि में बगैर कर्फ्यू पास के वाहन चल रहे हैं। कर्फ्यू में पहले पांच घंटे छूट थी। आठ मई के बाद दो घंटे और बढ़ गए। फिर यह सात घंटे कर दिए गए। अब यह ढील और भी बढ़ सकती है। कर्फ्यू पूरी तरह से भी खत्म हो सकता है।
किराया बढ़ाने को लेकर असमंजस में सरकार
वहीं, हिमाचल में किराया बढ़ाने को लेकर सरकार असमंजस में है। अमर उजाला में 15 मई को खबर प्रकाशित होने के बाद सोशल मीडिया में खूब चर्चा है। जनता की ओर से किराया बढ़ाने को लेकर तरह-तरह की टिपणियां की जा रही हैं। अब सरकार के लिए फैसला लेना चुनौतियों से कम नहीं है।
परिवहन निगम की माली हालत पहले से ही खराब है। बताया जा रहा है कि सरकार की ओर से इसका मास्टर प्लान तैयार किया जा रहा है। अब हिमाचल केंद्र के लॉकडाउन-4 की घोषणा पर नजर बनाए हुए हैं। केंद्र के दिशा-निर्देशों के अनुसार प्रदेश सरकार में आगामी कार्रवाई अमल में लाई जानी है।