OPS Issue: पंजाब में सैद्धांतिक मंजूरी के बाद हिमाचल में ओपीएस मुद्दे को मिली हवा
निरंतर एक्सेस के लिए सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ रजिस्टर्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
अमर उजाला प्रीमियम लेख सिर्फ सब्सक्राइब्ड पाठकों के लिए ही उपलब्ध हैं
विस्तार
पंजाब सरकार की ओर से ओपीएस (ओल्ड पेंशन स्कीम) को सैद्धांतिक मंजूरी मिलने के बाद हिमाचल प्रदेश में भी इस मुद्दे को हवा मिल गई है। हिमाचल और गुजरात विधानसभा चुनाव के बीच पंजाब कैबिनेट ने शुक्रवार को ओल्ड पेंशन स्कीम को लागू करने को मंजूरी दे दी है। राजस्थान और छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार ओपीएस को लागू करने की घोषणाएं पहले ही कर चुकी है। हिमाचल के चुनावों में पुरानी पेंशन बहाली बड़ा मुद्दा बन चुका है। दोनों राजनीतिक दल आप और कांग्रेस इस मुद्दे को अब भुनाने में जुट गए हैं। कांग्रेस ने बीते दिनों चुनावों के लिए दी दस गारंटियों में पुरानी पेंशन बहाली को पहले नंबर पर रखा है। सोलन में हुई कांग्रेस की परिवर्तन प्रतिज्ञा रैली में प्रियंका गांधी ने पहली ही कैबिनेट बैठक में पुरानी पेंशन को बहाल करने का एलान किया है। आप के नेता भी पहली कैबिनेट बैठक में इस मुद्दे को मंजूरी देने का दावा कर रहे हैं। प्रदेश के विधानसभा चुनाव में पुरानी पेंशन स्कीम को कांग्रेस और आप ने बड़ा हथियार बना दिया है। बता दें कि ओपीएस में पेंशनरों को कर्मचारी के रूप में अंत में ड्रा (सेवानिवृत्ति के समय प्राप्त आखिरी वेतन) किए वेतन का 50 फीसदी ही मिलता है।
इसके विपरीत एनपीएस एक कंट्रीब्यूटरी स्कीम है, जिसमें कर्मचारियों को अपने वेतन का दस प्रतिशत हिस्सा देना होता है। सरकार कर्मचारी के एनपीएस खाते में 14 प्रतिशत भाग डालती है। राज्य में वर्ष 2003 से पहले नियुक्त 1,90,000 कर्मचारियों को ओल्ड पेंशन स्कीम का लाभ मिल रहा है। इसके बाद जो कर्मचारी नियुक्त किए गए हैं, उन्हें नई पेंशन स्कीम में ही पेंशन देने का फैसला हुआ है। वर्ष 2003 के बाद सरकारी नौकरी में आए इस तरह के कर्मचारियों की संख्या करीब 1,10,000 है। जो पुरानी पेंशन स्कीम की बहाली मांग रहे हैं। जयराम सरकार ने इस पर खूब मंथन किया, लेकिन सरकार प्रदेश की आर्थिक तंगहाली के बीच इस पर फैसला नहीं ले सकी। आम आदमी पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष सुरजीत ठाकुर ने कहा कि पंजाब सरकार ने ओल्ड पेंशन स्कीम को लागू करने का वायदा पूरा किया है। हिमाचल और गुजरात में चुनाव जीतने के बाद ओपीएस को लागू किया जाएगा। राजस्थान और छत्तीसगढ़ के नेता ओपीएस को लेकर जनता को गुमराह कर रहे हैं। कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता अलका लांबा ने कहा है कि कांग्रेस प्रदेश में पुरानी पेंशन बहाल करने के लिए वचनबद्ध है। पार्टी ने अपनी हर गारंटी को पूरी समीक्षा करने के बाद ही तैयार किया है।
अधिसूचना जारी होने पर संगठन बनाएगा अगली रणनीति : प्रदीप
शिमला। हिमाचल प्रदेश एनपीएस कर्मचारी संघ के अध्यक्ष प्रदीप ठाकुर ने कहा कि पंजाब के कर्मचारियों को बधाई जो उनको पंजाब सरकार ने पुरानी पेंशन देने की घोषणा की है। इस बारे में पंजाब सरकार क्या अधिसूचना जारी करती है? इसको देखने के बाद ही संगठन अगली रणनीति तैयार करेगा।