फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   himachal budget Analysis: Mission repeat's election bisaat in Jairam's fifth budget

विश्लेषण: जयराम के पांचवें बजट में मिशन रिपीट की चुनावी बिसात

Sat, 05 Mar 2022 11:39 AM IST
Krishan Singh सुरेश शांडिल्य, शिमला
सुरेश शांडिल्य, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Sat, 05 Mar 2022 11:39 AM IST
सार

राज्य के बजट अनुमानों में हमेशा की तरह इस बार आमदनी अठन्नी और खर्चा रुपया है। खजाना खाली है। नया कर्ज लेकर और केंद्र की बैसाखी के सहारे उन्होंने घाटे के इस बजट में राज्य के सभी वर्गों को लक्षित किया है। 

विज्ञापन
himachal budget Analysis: Mission repeat's election bisaat in Jairam's fifth budget
हिमाचल बजट 2022 - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने अपने पांचवें बजट में मिशन रिपीट की चुनावी बिसात बिछाई है। राज्य के बजट अनुमानों में हमेशा की तरह इस बार आमदनी अठन्नी और खर्चा रुपया है। खजाना खाली है। नया कर्ज लेकर और केंद्र की बैसाखी के सहारे उन्होंने घाटे के इस बजट में राज्य के सभी वर्गों को लक्षित किया है। कुल राजस्व घाटा 3,903 करोड़ रुपये का अनुमानित है। सकल घरेलू उत्पाद के 4.98 प्रतिशत राजकोषीय घाटे से साफ है कि वित्तीय वर्ष 2022-23 के इस बजट को लागू करने के लिए 9,602 करोड़ रुपये का नया कर्ज लेना होगा। इससे अगले मार्च तक हिमाचल 75 हजार करोड़ रुपये के कर्ज में डूब जाएगा।

विज्ञापन


वर्तमान जयराम सरकार का कार्यकाल पूरा हो रहा है तो इसी साल अक्तूबर के बाद हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव हैं। ऐसे में बजट में चुनावी छाप का होना स्वाभाविक है। लेकिन इससे जयराम इस लोकलुभावन बजट से पिछली वीरभद्र और धूमल सरकारों के रिपीट नहीं कर पाने का ट्रेंड को तोड़ पाएंगे, यह भविष्य के गर्भ में है। साफ है कि जयराम ने इस बजट को हर वर्ग को थोड़ा-थोड़ा ही सही, लेकिन वित्तीय लाभ देने पर ही लक्षित किया है। राज्य की अधिकतर आबादी को लक्षित किया है। बेरोजगारों के लिए नौकरी का ऐलान, महिलाओं, युवा, बुजुर्गों आदि के लिए कई योजनाएं, सामाजिक सुरक्षा पेंशन से सबका ख्याल रखने के दावे समेत उन्होंने किसानों-बागवानों की विभिन्न स्कीमों को आगे बढ़ाकर यह जताया है कि वह सबकी चिंता करते हैं। 
विज्ञापन


100 रुपये में से 26 रुपये वेतन, 15 रुपये पेंशन पर खर्च होंगे 
-बजट अनुमानों के अनुसार 100 रुपये में से 26 रुपये वेतन, 15 रुपये पेंशन, 10 रुपये ब्याज अदायगी, 11 रुपये ऋण अदायगी, स्वायत्त संस्थानों के लिए ग्रांट पर 9 रुपये और शेष 29 रुपये पूंजीगत कार्यों सहित अन्य गतिविधियों पर खर्च होंगे। यानी आधारभूत ढांचा विकास पर 30 फीसदी से भी कम बजट खर्च होगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन




   

बजट दशाहीन और दिशाहीन: मुकेश अग्निहोत्री

वहीं, नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का सदन में प्रस्तुत किया  हिमाचल का बजट दशाहीन और दिशाहीन है। इसमें विकास का कोई जिक्र नहीं किया है और न ही यह बताया कि धनराशि कहां से आएगी। बजट से साफ है कि सरकार कर्ज की बैसाखी में ही चलेगी।  नेता प्रतिपक्ष मुकेश ने कहा कि बजट में कर्मचारियों के मसलों को लेकर कोई जिक्र नहीं किया।

संशोधित वेतनमान का कोई उल्लेख नहीं किया। इसके साथ ही पुरानी पेंशन बहाली का मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया। प्रदेश के विकास की राशि और कम होगी। प्रदेश में 14 लाख बेरोजगार हैं, उनके बारे में कोई जिक्र नहीं है। नेशनल हाईवे का कोई उल्लेेख नहीं है। प्रदेश के आउटसोर्स कर्मियों के बारे में कोई चिंता नहीं है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed