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CPM: उत्तराखंड, आंध्र प्रदेश की तरह हिमाचल में घोषित हो राष्ट्रीय आपदा, राज्यपाल को सौंपा ज्ञापन
Mon, 21 Aug 2023 06:19 PM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Mon, 21 Aug 2023 06:19 PM IST
सार
प्रतिनिधिमंडल में पूर्व विधायक राकेश सिंघा, डॉ. कुलदीप तंवर, संजय चौहान, विजेंद्र मेहरा, जगत राम, फालमा चौहान और सुनील वशिष्ट शामिल रहे।
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कम्युनिस्ट पार्टी(मार्क्सवादी) की राज्य समिति ने राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
भारत की कम्युनिस्ट पार्टी मार्क्सवादी हिमाचल प्रदेश समिति ने सोमवार को राज्यपाल को ज्ञापन सौंपकर भयंकर आपदा से हुए नुकसान का मामला प्रधानमंत्री के समक्ष उठाने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल में पूर्व विधायक राकेश सिंघा, डॉ. कुलदीप तंवर, संजय चौहान, विजेंद्र मेहरा, जगत राम, फालमा चौहान और सुनील वशिष्ट शामिल रहे। सीपीआईएम राज्य सचिव मंडल सदस्य राकेश सिंघा ने कहा है कि आपदा से प्रदेश ने सैकड़ों मौतें हुई हैं और कई लापता हैं, करीब 13 हजार घर या तो पूरी तरह नष्ट हुए हैं या क्षतिग्रस्त हुए हैं।
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कृषि और बागवानी भूमि के साथ फसलें, जल विद्युत परियोजनाएं, ट्रांसमिशन लाइनें, स्कूल, स्वास्थ्य संस्थान प्रभावित हुए हैं। नौ लाख किसान परिवारों की आजीविका के साधन खत्म हो गए हैं। साल 2013 में उत्तराखंड और 2014 में आंध्र प्रदेश में प्राकृतिक आपदा को राष्ट्रीय आपदा घोषित किया गया था उसी तर्ज पर हिमाचल की आपदा भी राष्ट्रीय आपदा घोषित की जानी चाहिए। राज्य को हुए वास्तविक नुकसान की राशि का राहत पैकेज दिया जाए, जो दस हजार करोड़ रुपये से अधिक है।
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