हिमाचल की सोलन मंडी से बिके नौ करोड़ 20 लाख के मटर
कर्फ्यू के दौरान 24 मार्च से 6 मई तक सब्जी मंडी सोलन में अभी तक 9.20 करोड़ का कारोबार किया जा चुका है। इसमें चार हजार मीट्रिक टन मटर सब्जी मंडी में जिला सोलन, सिरमौर, शिमला, मंडी सहित अन्य क्षेत्रों से पहुंचा है। कर्फ्यू के दौरान किसानों की सुविधा को जिला प्रशासन सहित मंडी समिति की ओर से भी विशेष इंतजाम किए गए हैं, जिसमें किसानों की फसलों को मंडी तक पहुंचाने के लिए गाड़ियों की अनुमति भी दी गई है। इसमें कर्फ्यू के बीच भी किसान अपने उत्पाद लेकर मंडी पहुंचे हैं। मंडी में गाड़ियों सहित लोगों को सैनिटाइज करने के लिए फॉगिंग मशीनें भी लगाई गई हैं। हालांकि, इस बार कोरोना के कारण मटर के कारोबार में कमी आई है, लेकिन किसानों को मटर के उचित दाम दिए गए हैं।
इन क्षेत्रों में गेहूं की कटाई का हुआ कार्य
कृषि विभाग ने सोलन जिले में 15 हजार 180 हेक्टेयर भूमि पर गेहूं की कटाई का कार्य किया है। इसमें 700 हेक्टेयर सोलन, 400 हेक्टेयर कंडाघाट, 3 हजार 640 हेक्टेयर धर्मपुर, 1800 हेक्टेयर कुनिहार और 8 हजार 640 हेक्टेयर क्षेत्र नालागढ़ खंड में गेहूं की फसल की कटाई की गई। विभाग ने गेहूं की फसल की कटाई, गुहाई व बीज भराई के उपरांत नालागढ़ के मंझोली में गेहूं बीज का भंडारण करवाया है, जिसे की भारतीय खाद्य निगम के पंजाब राज्य के भरतगढ़ तथा घनोली एवं अनाज मंडी चंडीगढ़ में गेहूं का भंडारण किया गया है।
किसानों को दी गई राहत
मंडी समिति सोलन सचिव रविंद्र शर्मा ने बताया कि एपीएमसी सोलन ने 24 मार्च से 6 मई तक 9.20 करोड़ रुपये व्यय कर 4000 मीट्रिक टन मटर का क्रय किया गया। एपीएमसी सोलन ने न केवल जिला सोलन, बल्कि सिरमौर और जिला शिमला के साथ-साथ जिला मंडी के करसोग से भी मटर क्रय किया। कर्फ्यू के बीच किसानों को राहत दी है।