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जहां हो रही भूख हड़ताल, वहीं पर रचा ली शादी
ब्यूरों/ अमर उजाला,जयपुर
Updated Fri, 24 Feb 2017 08:27 PM IST
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राजस्थान के दौसा जिले में गुरुवार को एक रोचक वाकया सामने आया है। जहां भूख हड़ताल हो रही थी, वहीं पर शादी रचा ली गई। गुर्जर व विशेष पिछडी जाति के अभ्यर्थियों के लिए भर्ती पर लगी रोक हटाने की मांग को लेकर राजस्थान के दौसा जिले के सिकंदरा में अनशन पर बैठे देवाराम की शादी भी अनशन स्थल पर ही हुई। दो दिन पहले देवाराम की सगाई की रस्म भी अनशन स्थल पर ही हुई थी। लेकिन देवाराम ने शादी के लिए अनशन छोड़ने से मना कर दिया था।
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राजस्थान उच्च न्यायालय द्वारा गुर्जर व विशेष पिछड़ा वर्ग को दिए आरक्षण पर रोक लगाने के आदेश के बाद राजस्थान में गुर्जर व विशेष पिछड़ा वर्ग में शामिल जातियों के अभ्यर्थियों की भर्तियां अटक गई हैं। इन भर्तियों का रास्ता साफ करने की मांग की लेकर इन जातियों के अभ्यर्थी पिछले दस दिन से सिकंदरा में अनशन कर रहे हैं। अनशन पर बैठे देवाराम ने शादी के लिए अनशन छोड़ने से मना कर दिया, तो उसके परिजनों ने दो दिन पहले यहीं उसकी सगाई कराई थी। बारात के इंतजार के बजाय दुलहन पहुंची अनशन स्थल कायदे से देवाराम को बारात ले जानी चाहिए थी।
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देवाराम का कहना था कि मेरे लिए मेरा समाज सब कुछ है मै यहां से उठूंगा नहीं। देवाराम का समर्पण देखते हुए दुल्हन ममता ने बारात का इंतजार नहीं किया। ममता अपने परिजनों व रिश्तेदारों के साथ अनशन स्थल पर पहुंची और शादी रचाई। यह अनशन उसी स्थान पर चल रहा है, जहां गुर्जर आंदोलन में पुलिस की गोलियों से मारे गए अभ्यथियों की समाधि बनी हुई है।
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