अलवर सामूहिक दुष्कर्म मामले में 500 पेज की चार्जशीट, पीड़िता बनेगी पुलिस कांस्टेबल
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राजस्थान के अलवर में पति के सामने पत्नी से सामूहिक दुष्कर्म मामले में पुलिस ने शनिवार को आरोपियों के खिलाफ विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी के कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की। आरोपियों ने घटना का वीडियो भी बनाया था और पीड़िता को ब्लैकमेल कर पैसे भी ऐंठे थे। अलवर पुलिस अधीक्षक पारिस अनिल देशमुख ने बताया कि थानागाजी में हुई वारदात में आरोपियों हंसराज, इंद्रराज, महेश, अशोक, मुकेश और छोटेलाल के खिलाफ करीब पांच सौ पेज की चार्जशीट पेश की गई है। इनके खिलाफ अपहरण, मारपीट, छेड़छाड़, निर्वस्त्र करने, जाति सूचक शब्दों का इस्तेमाल, डकैती व सामूहिक दुष्कर्म और आईटी एक्ट की धाराएं लगाई गई हैं।
दूसरी तरफ राज्य सरकार ने पीड़िता को राहत के रूप में दो विकल्प उपलब्ध कराए हैं। सरकार उसे राजस्थान पुलिस में कांस्टेबल या फिर राजस्थान जेल पुलिस में कांस्टेबल पद पर नौकरी की पेशकश की है। इसके लिए पीड़िता से संपर्क भी किया गया है। कुछ दिन पहले पीड़िता ने भी पुलिस में जाने की इच्छा जाहिर की थी। पीड़िता ने कहा था कि पुलिस में नौकरी करना चाहती है ताकि ऐसे जघन्य अपराध करने वालों को कड़ी से कड़ी सजा दिला सके।
सभी गवाह, तकनीकी साक्ष्य, सीडीआर एफएसएल की रिपोर्ट, तकनीकी विशेषज्ञ के रिकॉर्ड वॉयस टेस्ट आदि भी अदालत में पेश किए गए हैं। देशमुख ने बताया कि वीडियो वायरल न हो, इसके लिए फेसबुक व यूट्यूब को पत्र लिखा गया है और एक यू-ट्यूब चैनल पर वीडियो वायरल करने के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है। 26 अप्रैल को पीड़िता अपने पति के साथ गांव लालवाड़ी से तालवृक्ष जा रही थी। तभी दो बाइक पर सवार पांच आरोपियों ने थानागाजी-अलवर बाईपास पर सड़क से दूर ले जाकर पति के सामने पत्नी से सामूहिक दुष्कर्म किया था।
आरोपियों ने वीडियो भी बनाया, जिसके आधार पर रुपयों की मांग करने लगे। मामले की शिकायत लेकर दंपती अलवर एसपी के पास 30 अप्रैल को गए थे लेकिन पुलिस ने राज्य में मतदान प्रभावित नहीं होने देने की बात कहते हुए उनकी एक नहीं सुनी। पुलिस ने बाद में दो मई को मामला दर्ज किया और जांच के बजाय मामले को दबाए रखा। दुष्कर्म का वीडियो वायरल होने के बाद घटना 6 मई को सार्वजनिक हुई। अशोक गहलोत सरकार ने अलवर एसपी राजीव पचार को हटा दिया और थानागाजी के एसओ सरदार सिंह, एसआई रूपनारायण और तीन सिपाही निलंबित कर दिए गए। सामूहिक दुष्कर्म के सभी पांचों आरोपी और वीडियो वायरल करने वाला भी पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं।
गैंगरेप पीड़िता बनेगी पुलिस कांस्टेबल, जयपुर सिटी में मांगी पोस्टिंग
थानागाजी गैंगरेप पीड़िता अब पुलिस में कांस्टेबल बनेगी। सरकार के स्तर पर उनकी नियुक्ति की पूरी तैयारी कर ली गई है। पीड़िता ने जयपुर सिटी में नियुक्ति मांगी है। पीड़िता व उसके परिवार की सहमति लेने के लिए राज्य सरकार की ओर से शनिवार को महिला पुलिस कांस्टेबल को उसके घर भेजा गया। सरकार ने पीड़िता को दो तरह के ऑप्शन दिए हैं। पहला राजस्थान पुलिस तथा दूसरा जेल पुलिस में कांस्टेबल पद पर नियुक्ति। पीड़िता ने राजस्थान पुलिस में कांस्टेबल की नौकरी के लिए सहमति दे दी है। उधर, सहमति मिलने के बाद नियुक्ति के लिए कार्यवाही तेज कर दी गई है। देर रात तक उसकी नियुक्ति के आदेश हो सकते हैं।
चुरू और धौलपुर में नाबालिगों से दुष्कर्म
चुरू के भानीपुरा में शुक्रवार को छह वर्षीय बच्ची के साथ उसके रिश्तेदार द्वारा दुष्कर्म का मामला सामने आया। भानीपुरा पुलिस स्टेशन के एसएचओ मल्कियत सिंह ने बताया कि बच्ची पानी लेने गई थी तभी 14 वर्षीय आरोपी उसे एक सुनसान जगह ले गया और वारदात को अंजाम दिया। उसे गिरफ्तार कर लिया गया है। वहीं धौलपुर के खुर्द गांव में बृहस्पतिवार को दुष्कर्म की वारदात हुई। महिला थाना धौलपुर के एसएचओ यशपाल सिंह ने बताया कि 8 वर्षीय बच्ची अपने नाना के यहां रह रही थी। उसके साथ 18 वर्षीय परवेश ने दुष्कर्म किया। उसे शनिवार को गिरफ्तार कर लिया गया।