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Rajasthan: 'जब मंत्री की सुनवाई नहीं, आम जनता का क्या होगा?' किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी पर बोले खाचरियावास
Sat, 07 Dec 2024 06:56 PM IST
अर्पित याज्ञनिक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: अर्पित याज्ञनिक
Updated Sat, 07 Dec 2024 06:56 PM IST
सार
पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने मुख्यमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को जनता की बुनियादी जरूरतों जैसे दवाई, राशन, पेंशन, और कानून व्यवस्था के मुद्दों पर जवाब देना चाहिए।
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पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास और किरोड़ी लाल मीणा।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने राजस्थान सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा सरकार में कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा की नाराजगी सरकार की विफलता को उजागर करती है। खाचरियावास ने सवाल उठाया कि जब कैबिनेट मंत्री अपनी ही सरकार में अनसुना महसूस कर रहे हैं, तो आम जनता की समस्याओं का समाधान कैसे होगा। उन्होंने मुख्यमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को जनता की बुनियादी जरूरतों जैसे दवाई, राशन, पेंशन, और कानून व्यवस्था के मुद्दों पर जवाब देना चाहिए।
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पूर्व मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा कि राजस्थान की भाजपा सरकार में सरकार के कैबिनेट मंत्री डॉक्टर किरोड़ी लाल मीणा अपनी सरकार से नाराजगी व्यक्त कर रहे हैं। जिस सरकार में कैबिनेट मंत्री की सुनवाई नहीं हो रही उस सरकार में आम आदमी का क्या होगा?
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खाचरियावास ने कहा कि राइजिंग राजस्थान के दौरान व्यवस्थाओं को लेकर सरकार व्यस्त है। तो दूसरी तरफ कैबिनेट मंत्री डॉक्टर किरोड़ी लाल मीणा लगातार सरकार को कटघरे में खड़ा कर रहे हैं। मुख्यमंत्री की चुप्पी से स्पष्ट हो गया है कि सरकार का धनी, दोरी कोई नहीं है, जब सरकार के मंत्री खुलकर यह कह रहे हैं कि मेरी सरकार में मेरी ही सुनवाई नहीं हो रही तो मैं कहां जाऊं। सरकार को और सरकार के मुख्यमंत्री को सामने आकर बताना चाहिए कि राजस्थान की जनता- दवाई, राशन, पेंशन और कानून व्यवस्था को लेकर किसके पास जाएं, क्योंकि जब मंत्री रो रहे हो तो आम आदमी के आंसू कौन पोछेगा।