Jaipur : जोशी के आश्वासन के बाद सरपंचों का आंदोलन स्थगित, मांगें नहीं मानी तो 24 को करेंगे विधानसभा का घेराव
अपनी 15 सूत्री मांगों के साथ सरपंच संघ राजस्थान के बैनर तले चलाए जा रहे सरपंचों के आंदोलन को भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी के आश्वासन के बाद आगे बढ़ा दिया गया है। संघ का कहना है कि यदि अब भी मांगें नहीं मानी गईं तो 24 जुलाई को विधानसभा का घेराव किया जाएगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सरपंच संघ राजस्थान के बैनर तले अपनी 15 सूत्री मांगों को लेकर चल रहे सरपंचों के आंदोलन के तहत 18 जुलाई को विधानसभा का घेराव प्रस्तावित था। सरपंच संघ राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर गढ़वाल और मुख्य प्रवक्ता रफीक पठान ने बताया कि सरपंचों की मांगों को लेकर 16 जुलाई को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ वार्ता होना तय था, मगर अचानक उनके पिताजी का स्वास्थ्य खराब होने के कारण यह मीटिंग स्थगित कर दी गई और मुख्यमंत्री ने भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी व महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी को सरपंचों के साथ वार्ता के लिए अधिकृत किया।
इसके बाद जयपुर में सरपंच संघ राजस्थान के प्रतिनिधिमंडल की वार्ता हुई, जिसमें दोनों जिम्मेदार पदाधिकारियों प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी व महामंत्री श्रवण सिंह बगड़ी ने सरपंच संघ की मांगों को ध्यानपूर्वक सुना और समस्या का समाधान करवाने का आश्वासन दिया। सरपंच संघ के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री के साथ वार्ता कराने की मांग रखी इस पर दोनों ने 20 जुलाई को मुख्यमंत्री के साथ वार्ता कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद संघ के सभी उपस्थित पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री से वार्ता होने तक आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया।
साथ ही मुख्यमंत्री से वार्ता के बाद भी यदि मांगों पर कोई सहमति नहीं बनती है तो सरपंच संघ द्वारा 24 जुलाई को विधानसभा का घेराव करने का निर्णय लिया गया है। इस दौरान सभी सरपंच अपने मांग पत्र को अपने-अपने क्षेत्र के विधायक को देकर सरपंचों की जायज मांगों को विधानसभा में उठाने का आग्रह करेंगे और मांगें नहीं माने जाने तक कार्य बहिष्कार जारी रहेगा।