मौसम पर ला-नीना का असर, राजस्थान में इस बार नवंबर में ही चल सकती है शीतलहर
राजस्थान में तीन दिन से बारिश नहीं हुई, जिससे दिन शुष्क और सुबह-शाम ठंडक बढ़ी। सीकर 15.5°C के साथ सबसे ठंडा रहा। जयपुर, अलवर, झुंझुनूं में तापमान 20°C से नीचे गया। मौसम विभाग ने नवंबर में शीतलहर की आशंका जताई है।
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राजस्थान में पिछले तीन दिनों से बारिश नहीं हुई है, जिससे दिन का मौसम शुष्क बना हुआ है और सुबह-शाम हल्की ठंड महसूस की जा रही है। जयपुर मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, दीपावली तक बारिश की संभावना बेहद कम है। इसके बजाय ठंडी उत्तर-पूर्वी हवाओं के चलते तापमान में गिरावट जारी रहेगी और सर्दी का असर तेज़ी से बढ़ेगा।
सीकर रहा सबसे ठंडा
पिछले 24 घंटों में सबसे कम न्यूनतम तापमान सीकर में 15.5°C दर्ज किया गया, जबकि सबसे अधिक अधिकतम तापमान बाड़मेर में 35.8°C रहा। जयपुर, सीकर, झुंझुनूं, हनुमानगढ़, चूरू और अलवर जैसे जिलों में सुबह और शाम की हल्की ठंडी हवाएं लोगों को सर्दी का अहसास कराने लगी हैं।
राजस्थान के प्रमुख जिलों में तापमान
जयपुर में न्यूनतम तापमान 20°C, अलवर में 19.5°C, करौली में 20°C, भीलवाड़ा में 16.8°C, कोटा में 19.6°C और जालोर में 16.5°C तक पहुंच गया है। इससे यह साफ है कि प्रदेश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में रातें ठंडी होती जा रही हैं।
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ला-नीना का असर, नवंबर में ही शीतलहर का संकेत
जयपुर मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, इस बार ला-नीना के प्रभाव से सर्दी जल्दी दस्तक दे सकती है। अक्टूबर में ही उत्तर-पूर्वी हवाएं चलने लगी हैं, जो आमतौर पर नवंबर के अंत में सक्रिय होती हैं। इसके चलते नवंबर महीने में ही शीतलहर चलने और दिसंबर-जनवरी की मावठ जल्दी शुरू होने की आशंका है।