राजस्थान के 85 रेलवे स्टेशन होंगे आधुनिक, 18 का काम पूरा; जानिए आपके स्टेशन पर क्या बदलेगा
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राजस्थान के 85 रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है। इनमें 18 स्टेशनों का काम पूरा हो चुका है। स्टेशन भवन, पार्किंग, वेटिंग रूम, प्लेटफॉर्म, फुट ओवरब्रिज, लिफ्ट और दिव्यांगजन सुविधाओं में सुधार किया जा रहा है। वित्त वर्ष 2026-27 में राजस्थान से जुड़े पांच रेलवे जोन के लिए यात्री सुविधाओं के मद में 5,642 करोड़ रुपये आवंटित हुए हैं। जून 2026 तक 1,696 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं।
विस्तार
राजस्थान के रेल यात्रियों के लिए अच्छी खबर है। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत प्रदेश के 85 रेलवे स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से विकसित किया जा रहा है। इनमें से 18 स्टेशनों का विकास कार्य पूरा हो चुका है, जबकि अन्य स्टेशनों पर अलग-अलग चरणों में काम जारी है।
अमृत भारत स्टेशन योजना का उद्देश्य रेलवे स्टेशनों को यात्रियों के लिए अधिक सुविधाजनक, सुरक्षित और आधुनिक बनाना है। योजना के तहत स्टेशन भवन, प्रवेश-निकास, पार्किंग, सर्कुलेटिंग एरिया, प्रतीक्षालय, प्लेटफॉर्म, फुट ओवरब्रिज, लिफ्ट, दिव्यांगजन सुविधाएं, शौचालय और साइनज जैसी सुविधाओं में सुधार किया जा रहा है। भविष्य में जरूरत और उपलब्धता के आधार पर स्टेशन पर सिटी सेंटर विकसित करने की भी योजना है।
राजस्थान के 85 स्टेशन योजना में शामिल
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राजस्थान में शामिल प्रमुख स्टेशनों में जयपुर जंक्शन, अजमेर, अलवर, जोधपुर, कोटा जंक्शन, उदयपुर सिटी, बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, भरतपुर, सीकर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, सवाई माधोपुर, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा, नागौर, पाली मारवाड़, फालना, जालोर, झालावाड़ सिटी, बूंदी और दौसा शामिल हैं।
इसके अलावा डीग, धौलपुर, डीडवाना, डूंगरपुर, गंगापुर सिटी, खैरथल, किशनगढ़ क्षेत्र के स्टेशन, मerta रोड, फुलेरा, रींगस, रामगंज मंडी, सूरतगढ़, सुजानगढ़ सहित कुल 85 स्टेशनों को योजना में लिया गया है।
18 स्टेशनों पर काम पूरा
राजस्थान में अब तक 18 रेलवे स्टेशनों का विकास कार्य पूरा हो चुका है। इनमें बाड़मेर, बूंदी, दौसा, डीग, देशनोक, फतेहनगर, फतेहपुर शेखावाटी, गंगापुर सिटी, गोगामेड़ी, गोटन, गोविंदगढ़, जैसलमेर, खैरथल, मंडलगढ़, मंडावर महवा रोड, राजगढ़, सोजत रोड और सोमेसर शामिल हैं। इन स्टेशनों पर यात्रियों को बेहतर स्टेशन भवन, प्रवेश व्यवस्था, प्रतीक्षालय, पार्किंग, प्लेटफॉर्म और अन्य यात्री सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
फालना और जवाई बांध स्टेशन पर क्या बदला?
फालना स्टेशन पर स्टेशन भवन, एंट्रेंस पोर्च, सर्कुलेटिंग एरिया, पार्किंग, प्रवेश-निकास गेट, वेटिंग रूम, दिव्यांगजन सुविधाएं, साइनज, प्लेटफॉर्म शेल्टर और प्लेटफॉर्म की सतह में सुधार का काम पूरा हो चुका है। यहां शौचालय ब्लॉक, 12 मीटर चौड़े फुट ओवरब्रिज और लिफ्ट का काम जारी है।
जवाई बांध स्टेशन पर सर्कुलेटिंग एरिया, पार्किंग, प्रवेश-निकास गेट, बुकिंग काउंटर, एंट्रेंस पोर्च, वेटिंग रूम, प्लेटफॉर्म शेल्टर, प्लेटफॉर्म सतह, शौचालय, दिव्यांगजन सुविधाएं, साइनज, नया रिटायरिंग रूम और दूसरी एंट्री पर स्टेशन भवन का काम पूरा हो चुका है। यहां 12 मीटर चौड़े फुट ओवरब्रिज और वाटर बूथ का काम जारी है।
यात्री सुविधाओं के लिए साढ़े 5 हजार करोड़ से ज्यादा होंगे खर्च
राजस्थान में रेलवे स्टेशनों का विकास पांच रेलवे जोन के अंतर्गत होता है। इनमें उत्तर रेलवे, उत्तर मध्य रेलवे, उत्तर पश्चिम रेलवे, पश्चिम रेलवे और पश्चिम मध्य रेलवे शामिल हैं। वित्त वर्ष 2026-27 में इन पांचों जोन के लिए यात्री सुविधाओं से संबंधित मद में कुल 5,642 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। जून 2026 तक इसमें से 1,696 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं।