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Rajasthan: प्रेमिका के दूसरे युवक के साथ संबंध बने तो प्रेमी ने की हत्या, दोस्त को दिया तीन लाख का लालच
Tue, 14 Jun 2022 08:26 PM IST
उदित दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भरतपुर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Tue, 14 Jun 2022 08:26 PM IST
सार
भरतपुर में दस जून को हुई युवक की हत्या का खुलासा पुलिस ने कर दिया है। पुलिस के अनुसार आरोपी की प्रेमिका के युवक के साथ अवैध संबंध थे। इसी बात से नाराज होकर प्रेमी ने युवक की हत्या कर दी थी। पुलिस ने आरोपी और उसके दोस्त को गिरफ्तार किया है।
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अलवर में बच्चे की हत्या
- फोटो : Social Media
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विस्तार
भरतपुर में हुई युवक की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। युवक की हत्या अफेयर के चलते की गई थी। जांच के बाद पुलिस ने गांव थून निवासी 30 वर्षीय युवक हरमुख प्रजापत की हत्या के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी नीरज कुमार जाटव पुत्र विनोद कुमार निवासी भदीरा थाना नदबई ने अपनी प्रेमिका के साथ मृतक का अफेयर होने के चलते उसकी हत्या की थी। इस वारदात में उसके दोस्त अंकुश उर्फ प्रधान जाटव पुत्र विजय राम निवासी नगला रामरतन ने भी साथ दिया था।
भरतपुर एसपी श्याम सिंह ने कहा, 10 जून को नगर थाना क्षेत्र के थून गांव निवासी धान सिंह ने बताया कि 8 जून को उसके बेटे हरमुख के मोबाइल पर एक कॉल आया और वह घर से चला गया। जिसके बाद से वह देर रात तक वापस नहीं लौटा। सुबह गांव के सरपंच ने हरमुख के नगर हॉस्पिटल में भर्ती होने की सूचना दी। सूचना पर वह अस्पताल पहंचे। हरमुख की हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टर ने उसे जयपुर रेफर कर दिया। रास्ते में ज्यादा तबीयत खराब होने के कारण उसे दोसा के एक अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
एसपी ने बताया कि मामले की जांच के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रघुवीर सिंह कविया, सीओ रोहित कुमार मीणा के निर्देशन और थाना अधिकारी हरलाल सिंह मीणा के नेतृत्व में नगर थाने से पांच टीमों का गठन किया गया। साथ ही सभी को अलग -अलग टास्क दिया गया। एफएसएल एमओबी डॉग स्क्वायड मोबाइल यूनिट ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया गया। नगर कस्बे और आसपास के क्षेत्र में सीसीटीवी खंगाले गए और संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की गई।
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जांच के दौरान कांस्टेबल हनीफ और हरी बाबू को मुखबिर से सूचना मिली कि 8 जून की शाम हरमुख प्रजापत को एक बाइक पर दो लड़कों के साथ देखा गया था। बाइक सवार लड़कों की पहचान नीरज कुमार और अंकुश उर्फ प्रधान के रूप में हुई। पूछताछ के दौरान उन्होंने हत्या की बात कबूल कर दी।
पुलिस पूछताछ में आरोपी नीरज ने बताया, सात-आठ महीने पहले वह अपनी प्रेमिका के साथ हरमुख के ढाबे पर खाना खाने गया था। उस समय हरमुख ने उसकी प्रेमिका का मोबाइल नंबर ले लिया। इसके बाद दोनों में बातचीत शुरू हो गई और वे नजदीक आ गए। इस बात का पता चलने पर उसने हरमुख को रास्ते से हटाने की ठान ली। हरमुख की हत्या करने के प्लान में उसने अपने दोस्त अंकुश को भी शामिल किया। उसने उसे बताया कि एक पार्टी के अकाउंट में तीन लाख रुपये हैं। उसे मार कर उसके मोबाइल से फोनपे के जरिए पैसे निकाल लेंगे। 10 जून को उसने हरमुख से पैसे उधार मांगे। जिसे देने के लिए वह ढाबे की तरफ आया था। इस दौरान नीरज और अंकुश उसे बाइक पर बैठाकर नदबई रोड राठा के पास ग्रेवल रोड पर ले गए। यहां लात, घूंसों और हथियार से मारपीट की और मरा समझकर मोबाइल लेकर फरार हो गए।
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भरतपुर एसपी श्याम सिंह ने कहा, 10 जून को नगर थाना क्षेत्र के थून गांव निवासी धान सिंह ने बताया कि 8 जून को उसके बेटे हरमुख के मोबाइल पर एक कॉल आया और वह घर से चला गया। जिसके बाद से वह देर रात तक वापस नहीं लौटा। सुबह गांव के सरपंच ने हरमुख के नगर हॉस्पिटल में भर्ती होने की सूचना दी। सूचना पर वह अस्पताल पहंचे। हरमुख की हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टर ने उसे जयपुर रेफर कर दिया। रास्ते में ज्यादा तबीयत खराब होने के कारण उसे दोसा के एक अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
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एसपी ने बताया कि मामले की जांच के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रघुवीर सिंह कविया, सीओ रोहित कुमार मीणा के निर्देशन और थाना अधिकारी हरलाल सिंह मीणा के नेतृत्व में नगर थाने से पांच टीमों का गठन किया गया। साथ ही सभी को अलग -अलग टास्क दिया गया। एफएसएल एमओबी डॉग स्क्वायड मोबाइल यूनिट ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया गया। नगर कस्बे और आसपास के क्षेत्र में सीसीटीवी खंगाले गए और संदिग्ध व्यक्तियों से पूछताछ की गई।
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जांच के दौरान कांस्टेबल हनीफ और हरी बाबू को मुखबिर से सूचना मिली कि 8 जून की शाम हरमुख प्रजापत को एक बाइक पर दो लड़कों के साथ देखा गया था। बाइक सवार लड़कों की पहचान नीरज कुमार और अंकुश उर्फ प्रधान के रूप में हुई। पूछताछ के दौरान उन्होंने हत्या की बात कबूल कर दी।
पुलिस पूछताछ में आरोपी नीरज ने बताया, सात-आठ महीने पहले वह अपनी प्रेमिका के साथ हरमुख के ढाबे पर खाना खाने गया था। उस समय हरमुख ने उसकी प्रेमिका का मोबाइल नंबर ले लिया। इसके बाद दोनों में बातचीत शुरू हो गई और वे नजदीक आ गए। इस बात का पता चलने पर उसने हरमुख को रास्ते से हटाने की ठान ली। हरमुख की हत्या करने के प्लान में उसने अपने दोस्त अंकुश को भी शामिल किया। उसने उसे बताया कि एक पार्टी के अकाउंट में तीन लाख रुपये हैं। उसे मार कर उसके मोबाइल से फोनपे के जरिए पैसे निकाल लेंगे। 10 जून को उसने हरमुख से पैसे उधार मांगे। जिसे देने के लिए वह ढाबे की तरफ आया था। इस दौरान नीरज और अंकुश उसे बाइक पर बैठाकर नदबई रोड राठा के पास ग्रेवल रोड पर ले गए। यहां लात, घूंसों और हथियार से मारपीट की और मरा समझकर मोबाइल लेकर फरार हो गए।