{"_id":"66c2ee9ceb21e64b7e0a253a","slug":"raksha-sutra-tied-on-the-map-of-sindh-and-trees-seven-day-program-started-on-the-1355th-birth-anniversary-of-sindhupati-maharaja-daharsen-ajmer-news-c-1-1-noi1334-2010687-2024-08-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ajmer: सिंध के मानचित्र व वृक्षों पर बांधे रक्षासूत्र, सिन्धुपति महाराजा दाहरसेन की जयंती पर कार्यक्रम प्रारंभ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ajmer: सिंध के मानचित्र व वृक्षों पर बांधे रक्षासूत्र, सिन्धुपति महाराजा दाहरसेन की जयंती पर कार्यक्रम प्रारंभ
Mon, 19 Aug 2024 01:29 PM IST
अजमेर ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
Published by: अजमेर ब्यूरो
Updated Mon, 19 Aug 2024 01:29 PM IST
सार
Ajmer: अजमेर की हरिभाऊ नगर (विस्तार) स्थित सिंधुपति महाराजा दाहरसेन स्मारक पर सोमवार को रक्षाबंधन के अवसर पर सिन्ध के मानचित्र व वृक्षों पर रक्षासूत्र बांधे गये। इस अवसर पर एक पेड़ हिंगलाज माँ के नाम पौधारोपण किया गया।
विज्ञापन
सिन्ध के मानचित्र व वृक्षों पर बांधे रक्षासूत्र
विस्तार
अजमेर की हरिभाऊ नगर (विस्तार) स्थित सिंधुपति महाराजा दाहरसेन स्मारक पर सोमवार को रक्षाबंधन के अवसर पर सिन्ध के मानचित्र व वृक्षों पर रक्षासूत्र बांधे गये। इस अवसर पर एक पेड़ हिंगलाज माँ के नाम पौधारोपण किया गया। सिन्धुपति महाराजा दाहरसेन की 1355वीं जयंती के अवसर 19 अगस्त से 25 अगस्त तक सात दिवसीय कार्यक्रमों का इसी के साथ भव्य शुभारंभ हुआ।
कार्यक्रम संयोजक पुरूषोतम तेजवाणी ने बताया कि एक वृक्ष हिंगलाज माता के नाम आयोजन के तहत स्मारक में मंदिर के समीप छायादार जामुन का पौधा लगाया गया, जो आने वाले समय में जामुन के फल प्रसाद के रूप में देगा। जय प्रकाश मंघनानी ने जानकारी देते हुए बताया कि पूर्व में लगे वृक्षों पर भी राखियां बांधी गई। साथ ही सिन्ध मिलकर अखंड भारत बने इसके लिए सिन्ध के मानचित्र पर रक्षा सूत्र बांधा गया। कार्यक्रम का संचालन महेन्द्र कुमार तीर्थाणी ने किया व आभार कंवल प्रकाश किशनानी द्वारा किया गया। समारोह में प्रकाश जेठरा, डॉ. भरत छबलानी, प्रकाश हिगोंरानी सहित क्षेत्रीय नागरिक व समिति के सदस्य उपस्थित रहे ।
विज्ञापन
कार्यक्रम संयोजक पुरूषोतम तेजवाणी ने बताया कि एक वृक्ष हिंगलाज माता के नाम आयोजन के तहत स्मारक में मंदिर के समीप छायादार जामुन का पौधा लगाया गया, जो आने वाले समय में जामुन के फल प्रसाद के रूप में देगा। जय प्रकाश मंघनानी ने जानकारी देते हुए बताया कि पूर्व में लगे वृक्षों पर भी राखियां बांधी गई। साथ ही सिन्ध मिलकर अखंड भारत बने इसके लिए सिन्ध के मानचित्र पर रक्षा सूत्र बांधा गया। कार्यक्रम का संचालन महेन्द्र कुमार तीर्थाणी ने किया व आभार कंवल प्रकाश किशनानी द्वारा किया गया। समारोह में प्रकाश जेठरा, डॉ. भरत छबलानी, प्रकाश हिगोंरानी सहित क्षेत्रीय नागरिक व समिति के सदस्य उपस्थित रहे ।
विज्ञापन