{"_id":"66a3973126214816690cc43b","slug":"rajasthan-brother-sister-from-pakistan-got-indian-citizenship-after-20-years-were-living-ajmer-for-15-years-2024-07-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rajasthan: पाकिस्तान से आए भाई-बहन को 20 साल बाद मिली भारत की नागरिकता, 15 साल से अजमेर में रह रहे थे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rajasthan: पाकिस्तान से आए भाई-बहन को 20 साल बाद मिली भारत की नागरिकता, 15 साल से अजमेर में रह रहे थे
Fri, 26 Jul 2024 06:01 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अजमेर
Published by: अरविंद कुमार
Updated Fri, 26 Jul 2024 06:01 PM IST
सार
पाकिस्तान से भारत लौटे तीन भाई-बहन को 20 साल बाद शुक्रवार को भारत की नागरिकता दी गई। अजमेर कलेक्ट्रेट स्थित एडीएम सिटी गजेंद्र सिंह राठौड़ ने भारत की नागरिकता का प्रमाण-पत्र तीनों को सौंपा।
विज्ञापन
पाकिस्तानी भाई-बहन और अधिकारी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
अजमेर जिले में रहने वाले तीन पाकिस्तानी भाई-बहन को शुक्रवार को भारत की नागरिकता प्राप्त हुई। उसके बाद उनकी खुशी का ठिकाना नहीं रहा और उनके चेहरे पर नागरिकता मिलने की खुशी साफ देखी गई। अजमेर एडीएम सिटी गजेंद्र सिंह राठौड़ ने तीनों भाई बहन को भारत का नागरिकता प्रमाण पत्र सौंपा।
विज्ञापन
बता दें कि प्रमाण पत्र मिलने के बाद अपनी मां के साथ तीनों भाई-बहन ने एक दूसरे को मिठाई खिलाकर अपनी खुशी का इजहार किया। यह तीनों भाई-बहन अपनी मां रमा देवी के साथ पिछले 15 साल से अजमेर में रह रहे थे। राजस्थान के जयपुर निवासी रमा देवी ने 45 साल पूर्व पाकिस्तान निवासी स्वर्गीय हंसराज से शादी की थी। नागरिकता प्राप्त करने वाले तीनों भाई-बहन सिंधी समाज से हैं।
विज्ञापन
नागरिकता प्राप्त करने वाले दिनेश सोनी ने बताया कि उनके बड़े भाई को साल 2019 में भारतीय नागरिकता प्राप्त हुई थी और आज उनकी बहन नीलकमल सोनी भाई महेश सोनी को भी भारत की नागरिकता प्राप्त हुई है, जिसको लेकर पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। वहीं, एटीएम सिटी गजेंद्र सिंह राठौड़ ने बताया कि गृह मंत्रालय द्वारा आज तीन भाई-बहन को भारत की नागरिकता का प्रमाण पत्र सौंपा है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से व्यक्तिगत तौर पर नागरिकता प्राप्त होती है। इससे पूर्व इनके माता-पिता को भारत की नागरिकता प्राप्त हुई थी और 2019 में इनके बड़े भाई को भारत की नागरिकता प्राप्त हुई थी। इन भाई-बहन के पिता मूल रूप से पाकिस्तान के थे। लेकिन एक निश्चित अवधि पूरी करने के बाद 15 साल भारत में रहने के बाद आज उनको भारत की नागरिकता मिलने के साथ ही वोट डालने सहित तमाम अधिकार इनको मिले हैं।