Rajasthan: बीकानेर इंजीनियरिंग कॉलेज के 18 नॉन टीचिंग कर्मी बर्खास्त, कर्मचारियों ने कहा-राजनीतिक द्वेष के कारण निकाला गया
बीकानेर इंजीनियरिंग कॉलेज में साढ़े तीन साल पहले कर्मचारियों को भर्ती किया गया था। अब सरकार इन कर्मचारियों को वापिस हटाने जा रही है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बीकानेर इंजीनियरिंग कॉलेज के 18 कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है। एक साथ इतने कर्मचारियों को एक साथ निकालने पर अब कॉलेज में माहौल गरमा गया है। दूसरी ओर कॉलेज के प्राचार्य और पीए भी कॉलेज नहीं आ रहे हैं। जब कर्मचारी कॉलेज पहुंचे तो उन्हें कक्ष सील मिले।
एक ही आदेश के बाद इतने कर्मचारियों को एक साथ बर्खास्त करने का प्रदेश का यह पहला मामला है। कर्मचारियों ने बताया कि हमारी किस्मत के ऊपर एक ओर ताला कॉलेज ने लगा दिया है। इन कर्मचारियों का कहना है कि इसको लेकर अब हम न्यायालय की शरण में जाएंगे। जब इन कर्मियों ने प्राचार्य को फोन लगाया तो उनका एक नंबर स्वीच ऑफ तो दूसरा नंबर भी नहीं लग रहा है।
राज्य सरकार की ओर से इन 18 कर्मचारियों को 25 मार्च को निकाल दिया था। इनमें असिस्टेंट रजिस्ट्रार, डाटा एंट्री ऑपरेटर, स्टोर ऑफिसर, लाइब्रेरियन, ऑफिस असिस्टेंट, कंप्यूटर ऑपरेटर सहित कई पदों पर 18 कर्मचारी लगे हुए थे। इंजीनियरिंग कॉलेज में करीब साढ़े तीन साल पहले 18 कर्मचारियों को कॉलेज द्वारा निकाली गई भर्ती के माध्यम से चयनित कर लगाया गया था, लेकिन अब सरकार इन भर्तियों में लगे कर्मचारियों को वापिस हटाने जा रही है।
कर्मचारियों का आरोप-द्वेष से निकाला जा रहा
निकाले गए कर्मचारियों का कहना है कि वे कांग्रेस सरकार से पहले बीजेपी सरकार में लगे थे, लेकिन अब राजनीतिक द्वेष के चलते कांग्रेस सरकार हमें 18 कर्मचारियों को निकाल रही है। हालांकि, हमनें प्रोबेशन काल भी पूरा कर लिया, लेकिन अभी तक सातवां वेतन और स्थाईकरण नहीं दिया गया। इंजीनियरिंग कॉलेज में करीब छह साल पहले 150 कर्मचारियों को निकाला गया था और अब 18 कर्मचारियों को निकाला है।