{"_id":"6a1210c63d5fc8aaba0ca5d2","slug":"the-people-of-dhakoli-peermuchhalla-are-in-a-bad-state-dirty-drains-closed-gates-and-garbage-plague-thousands-of-families-mohali-news-c-71-1-mli1016-142777-2026-05-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"ढकोली-पीरमुछल्ला के लोग बदहाल : गंदा नाला, बंद फाटक और कचरे से त्रस्त हजारों परिवार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ढकोली-पीरमुछल्ला के लोग बदहाल : गंदा नाला, बंद फाटक और कचरे से त्रस्त हजारों परिवार
विज्ञापन
जीरकपुर। ढकोली, पीरमुछल्ला, बिशनपुरा और गाजीपुर क्षेत्र के विभिन्न वार्डों के लोग लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जीवनयापन करने को मजबूर हैं। इन इलाकों के वार्ड-6, 8, 9, 10, 11, 12, 13, 14, 15, 16 और 17 के निवासी गंदगी, बिजली, पानी और यातायात की गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं। ढकोली क्षेत्र से गुजरने वाला बरसाती गंदा नाला सबसे बड़ी समस्या बना हुआ है। नाले के किनारे रहने वाली लगभग 20 से 25 हजार की आबादी को बदबू, प्रदूषण और गंदे पानी के कारण भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार हफ्ते में तीन से चार दिन तक पंचकूला की ओर से आने वाला जहरीला और बदबूदार पानी इलाके का वातावरण खराब कर देता है।
इसके अलावा ढकोली और पीरमुछल्ला के बीच स्थित रेलवे फाटक भी लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बना हुआ है। यह फाटक दिनभर में कई बार बंद होता है, जिससे हजारों लोगों की आवाजाही प्रभावित होती है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इस मार्ग से करीब 50 हजार लोग रोजाना गुजरते हैं और फाटक बंद रहने के दौरान 20 से 25 मिनट तक इंतजार करना पड़ता है। क्षेत्र में सफाई व्यवस्था भी पूरी तरह चरमराई हुई है। खाली प्लॉट कूड़े के डंपिंग स्थल बन चुके हैं, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। वहीं बिजली की जर्जर तारें और ओवरलोडिंग की समस्या भी लोगों के लिए चिंता का कारण बनी हुई है।
ढकोली क्षेत्र के बीचोबीच होकर गुजरने वाले गंदे नाले के कारण इसके किनारे रहने वाले 20 से 25 हजार लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हफ्ते में तीन से चार दिन इस नाले में पंचकूला की तरफ से जहरीला और बदबूदार पानी छोड़ा जाता है, जिससे लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। इसकी जांच होनी चाहिए कि यह पानी कहां से छोड़ा जा रहा है। -हंसराज शर्मा, अध्यक्ष, कृष्णा एनक्लेव
विज्ञापन
ढकोली क्षेत्र का रेलवे फाटक बड़ी समस्या बना हुआ है। इस फाटक से प्रतिदिन करीब 50 हजार लोग गुजरते हैं। 24 घंटे में 50 से 60 बार फाटक बंद होता है। हर बार लोगों को 20 से 25 मिनट तक इंतजार करना पड़ता है। वर्षों से लोग यहां ओवरब्रिज की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ। -नरेंद्र पाल सिंह, न्यू जनरेशन अपार्टमेंट
शहर में जगह-जगह कचरा बिखरा हुआ है। खाली प्लॉट डंपिंग ग्राउंड बन चुके हैं। वर्षों से सफाई व्यवस्था सुचारू नहीं हो पा रही, जिससे बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बढ़ रहा है। -सतीश शर्मा, गुरु नानक नगर
बिजली की तारों का जाल बना हुआ है। अधिक लोड के कारण तारों में स्पार्किंग होती रहती है। कई जगह मीटर बॉक्स में आग लगने की घटनाएं भी हो चुकी हैं, जिससे एक साथ कई घरों की बिजली सप्लाई ठप हो जाती है। -विनोद शर्मा, गणेश विहार
लोगों ने उठाई स्थायी समाधान की मांग
क्षेत्रवासियों का कहना है कि चुनावों के दौरान बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर समस्याएं जस की तस बनी रहती हैं। लोगों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि गंदे नाले की सफाई, रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज, बेहतर सफाई व्यवस्था और बिजली ढांचे को मजबूत करने के लिए जल्द ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि हजारों लोगों को राहत मिल सके।
विज्ञापन
इसके अलावा ढकोली और पीरमुछल्ला के बीच स्थित रेलवे फाटक भी लोगों के लिए बड़ी परेशानी का कारण बना हुआ है। यह फाटक दिनभर में कई बार बंद होता है, जिससे हजारों लोगों की आवाजाही प्रभावित होती है। स्थानीय लोगों के अनुसार, इस मार्ग से करीब 50 हजार लोग रोजाना गुजरते हैं और फाटक बंद रहने के दौरान 20 से 25 मिनट तक इंतजार करना पड़ता है। क्षेत्र में सफाई व्यवस्था भी पूरी तरह चरमराई हुई है। खाली प्लॉट कूड़े के डंपिंग स्थल बन चुके हैं, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। वहीं बिजली की जर्जर तारें और ओवरलोडिंग की समस्या भी लोगों के लिए चिंता का कारण बनी हुई है।
विज्ञापन
ढकोली क्षेत्र के बीचोबीच होकर गुजरने वाले गंदे नाले के कारण इसके किनारे रहने वाले 20 से 25 हजार लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हफ्ते में तीन से चार दिन इस नाले में पंचकूला की तरफ से जहरीला और बदबूदार पानी छोड़ा जाता है, जिससे लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। इसकी जांच होनी चाहिए कि यह पानी कहां से छोड़ा जा रहा है। -हंसराज शर्मा, अध्यक्ष, कृष्णा एनक्लेव
विज्ञापन
ढकोली क्षेत्र का रेलवे फाटक बड़ी समस्या बना हुआ है। इस फाटक से प्रतिदिन करीब 50 हजार लोग गुजरते हैं। 24 घंटे में 50 से 60 बार फाटक बंद होता है। हर बार लोगों को 20 से 25 मिनट तक इंतजार करना पड़ता है। वर्षों से लोग यहां ओवरब्रिज की मांग कर रहे हैं, लेकिन अब तक समाधान नहीं हुआ। -नरेंद्र पाल सिंह, न्यू जनरेशन अपार्टमेंट
शहर में जगह-जगह कचरा बिखरा हुआ है। खाली प्लॉट डंपिंग ग्राउंड बन चुके हैं। वर्षों से सफाई व्यवस्था सुचारू नहीं हो पा रही, जिससे बीमारियां फैलने का खतरा लगातार बढ़ रहा है। -सतीश शर्मा, गुरु नानक नगर
बिजली की तारों का जाल बना हुआ है। अधिक लोड के कारण तारों में स्पार्किंग होती रहती है। कई जगह मीटर बॉक्स में आग लगने की घटनाएं भी हो चुकी हैं, जिससे एक साथ कई घरों की बिजली सप्लाई ठप हो जाती है। -विनोद शर्मा, गणेश विहार
लोगों ने उठाई स्थायी समाधान की मांग
क्षेत्रवासियों का कहना है कि चुनावों के दौरान बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर समस्याएं जस की तस बनी रहती हैं। लोगों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि गंदे नाले की सफाई, रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज, बेहतर सफाई व्यवस्था और बिजली ढांचे को मजबूत करने के लिए जल्द ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि हजारों लोगों को राहत मिल सके।