{"_id":"608dc89f8ebc3ed1e9643961","slug":"civil-hospital-shifts-one-injured-died-due-to-lack-of-treatment-mohali-news-pkl4121114148","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिविल अस्पताल हुआ शिफ्ट, इलाज नहीं मिलने से गई एक घायल की जान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिविल अस्पताल हुआ शिफ्ट, इलाज नहीं मिलने से गई एक घायल की जान
विज्ञापन
मोहाली। सिविल अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाएं ईएसआई अस्पताल में शिफ्ट हो जाने से लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। हालांकि अस्पताल प्रबंधन सभी इंतजामों का दावा कर रहा है, लेकिन लोगों को जो दिक्कत हो रही है इसका उसके पास कोई जवाब नहीं है। सबसे बड़ी समस्या ईएसआई अस्पताल का दूरदराज इंडस्ट्रियल एरिया फेज-7 के इलाके में शिफ्ट होना है, जहां सार्वजनिक परिवहन की सुविधा भी नहीं है। शनिवार को अस्पताल दूर होने की वजह से एक व्यक्ति को समय पर इलाज नहीं मिलने के कारण उसकी जान चली गई।
सिविल अस्पताल को कोविड केयर सेंटर बनाने के लिए यहां से ओपीडी और इमरजेंसी को इंडस्ट्रियल एरिया फेज-7 स्थित ईएसआई अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है। फेज-6 में सिविल अस्पताल की इमारत ऐसी जगह है, जहां सार्वजनिक परिवहन के तौर पर बस और ऑटो जैसी सुविधा मौजूद है। वहीं इंडस्ट्रियल एरिया फेज-7 में ईएसआई अस्पताल शहर से दूर तो है ही, वहां तक लोगों के आने-जाने के लिए किसी तरह की सार्वजनिक परिवहन सुविधा नहीं है। रास्ते भी खस्ता हाल हैं। ऐसे में वहां तक पहुंचने में काफी समय लग जाता है।
शनिवार को एक दुर्घटना में घायल व्यक्ति को लेकर उसके परिजन फेज-6 सिविल अस्पताल पहुंचे। यहां इमरजेंसी और ओपीडी शिफ्ट हो जाने के कारण उसे बिना प्राथमिक उपचार के ईएसआई अस्पताल भेज दिया गया। परिजन जब उसे लेकर वहां पहुंचे तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। ईएसआई अस्पताल की इमरजेंसी में आने वाले मरीज भी स्टाफ कम होने के कारण परेशान नजर आए। आसपास के ग्रामीण इलाकों से आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। ये लोग जानकारी न होने के कारण पहले फेज-6 गए, जहां से उन्हें ईएसआई अस्पताल जाने को कहा गया।
विज्ञापन
सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. एचएस चीमा ने कहा कि सिविल अस्पताल परिसर से जच्चा-बच्चा विभाग को छोड़कर सभी सेवाएं ईएसआई अस्पताल में शिफ्ट कर दी गई हैं। सिविल अस्पताल को कोविड केयर सेंटर बनाया गया है। काफी स्टाफ टीकाकरण अभियान में जुटा है। कोविड ड्यूटी कर रहा स्टाफ दूसरे मरीजों को नहीं संभाल सकता। फिर भी हम प्रयास कर रहे हैं कि किसी मरीज को परेशानी न हो।
विज्ञापन
सिविल अस्पताल को कोविड केयर सेंटर बनाने के लिए यहां से ओपीडी और इमरजेंसी को इंडस्ट्रियल एरिया फेज-7 स्थित ईएसआई अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है। फेज-6 में सिविल अस्पताल की इमारत ऐसी जगह है, जहां सार्वजनिक परिवहन के तौर पर बस और ऑटो जैसी सुविधा मौजूद है। वहीं इंडस्ट्रियल एरिया फेज-7 में ईएसआई अस्पताल शहर से दूर तो है ही, वहां तक लोगों के आने-जाने के लिए किसी तरह की सार्वजनिक परिवहन सुविधा नहीं है। रास्ते भी खस्ता हाल हैं। ऐसे में वहां तक पहुंचने में काफी समय लग जाता है।
विज्ञापन
शनिवार को एक दुर्घटना में घायल व्यक्ति को लेकर उसके परिजन फेज-6 सिविल अस्पताल पहुंचे। यहां इमरजेंसी और ओपीडी शिफ्ट हो जाने के कारण उसे बिना प्राथमिक उपचार के ईएसआई अस्पताल भेज दिया गया। परिजन जब उसे लेकर वहां पहुंचे तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। ईएसआई अस्पताल की इमरजेंसी में आने वाले मरीज भी स्टाफ कम होने के कारण परेशान नजर आए। आसपास के ग्रामीण इलाकों से आने वाले मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। ये लोग जानकारी न होने के कारण पहले फेज-6 गए, जहां से उन्हें ईएसआई अस्पताल जाने को कहा गया।
विज्ञापन
सिविल अस्पताल के एसएमओ डॉ. एचएस चीमा ने कहा कि सिविल अस्पताल परिसर से जच्चा-बच्चा विभाग को छोड़कर सभी सेवाएं ईएसआई अस्पताल में शिफ्ट कर दी गई हैं। सिविल अस्पताल को कोविड केयर सेंटर बनाया गया है। काफी स्टाफ टीकाकरण अभियान में जुटा है। कोविड ड्यूटी कर रहा स्टाफ दूसरे मरीजों को नहीं संभाल सकता। फिर भी हम प्रयास कर रहे हैं कि किसी मरीज को परेशानी न हो।