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मोटे माजरा में विदेशों से आने वाले पक्षियों को हो रही दिक्कत
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लांडरां। खरड़ से अंबाला को जाते बाबा बंदा सिंह बहादुर मार्ग पर स्थित गांव मोटेमाजरा की 25 एकड़ में बने तालाब में फैली हुई सिंघाड़े की बेले प्रवासी पक्षियों के आने में रुकावट बनी हुई है। पंचायत ने यह तालाब सिंघाड़े की फसल के लिए ठेकेदार को दिया हुआ है। सिंघाड़े की काश्त खत्म होने पर भी ठेकेदार ने बेलों को साफ नहीं किया। इसलिए पूरा तालाब पत्तियों और बेलों से भरा है। इस कारण पक्षियों को यहां पर ठहरने में दिक्कत आ रही है ।
जानकारी के मुताबिक गांव मोटेमाजरा का तालाब इन दिनों प्रवासी पक्षियों के साथ भर जाता था। इनमें दर्जनों किस्मों के पक्षी शामिल हैं। जनवरी के पहले सप्ताह तक पक्षियों से तालाब भर जाता था। इस साल पक्षियों के कम आने के कारण पक्षी प्रेमी भी निराश हैं। उनका कहना है कि गांव की पंचायत को सिंघाड़े की काश्त करने वाले ठेकेदार को दिसंबर तम पूरे तालाब की सफाई करवाकर पक्षियों के स्वागत के लिए हर तरह के प्रबंध करने चाहिए। 2011 में मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने भी इस तालाब का दौरा कर गांव की पंचायत से तालाब को सैरगाह बतौर विकसित करने और प्रवासी पक्षियों के ठहरने संबंधी प्रस्ताव मांगा था। पंचायत से प्रस्ताव न किए जाने के कारण ऐसा कुछ नहीं हो पाया।
हलका विधायक बलबीर सिंह सिद्धू ने बताया कि गांव मोटेमाजरा के ऐतिहासिक तालाब की साफ-सफाई, चहारदीवारी और इसको सैरगाह के तौर पर विकसित करने किए पंचायत को 35 लाख रुपये की ग्रांट दे दी है। सरपंच जसविंदर कौर ने बताया कि इसका इसी सप्ताह में काम शुरू कर कर दया जाएगा। उन्होंने कहां कि प्रवासी पक्षियां के यहां आने के लिए जरूरी प्रयास किए जाएंगे।
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जानकारी के मुताबिक गांव मोटेमाजरा का तालाब इन दिनों प्रवासी पक्षियों के साथ भर जाता था। इनमें दर्जनों किस्मों के पक्षी शामिल हैं। जनवरी के पहले सप्ताह तक पक्षियों से तालाब भर जाता था। इस साल पक्षियों के कम आने के कारण पक्षी प्रेमी भी निराश हैं। उनका कहना है कि गांव की पंचायत को सिंघाड़े की काश्त करने वाले ठेकेदार को दिसंबर तम पूरे तालाब की सफाई करवाकर पक्षियों के स्वागत के लिए हर तरह के प्रबंध करने चाहिए। 2011 में मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने भी इस तालाब का दौरा कर गांव की पंचायत से तालाब को सैरगाह बतौर विकसित करने और प्रवासी पक्षियों के ठहरने संबंधी प्रस्ताव मांगा था। पंचायत से प्रस्ताव न किए जाने के कारण ऐसा कुछ नहीं हो पाया।
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हलका विधायक बलबीर सिंह सिद्धू ने बताया कि गांव मोटेमाजरा के ऐतिहासिक तालाब की साफ-सफाई, चहारदीवारी और इसको सैरगाह के तौर पर विकसित करने किए पंचायत को 35 लाख रुपये की ग्रांट दे दी है। सरपंच जसविंदर कौर ने बताया कि इसका इसी सप्ताह में काम शुरू कर कर दया जाएगा। उन्होंने कहां कि प्रवासी पक्षियां के यहां आने के लिए जरूरी प्रयास किए जाएंगे।
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