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Torture In Police Custody: क्या हिरासत में लेने के बाद पुलिस कर सकती है मारपीट? जानें क्या हैं आपके अधिकार

Fri, 01 Sep 2023 12:19 PM IST
संकल्प सिंह यूटिलिटी डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
यूटिलिटी डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: संकल्प सिंह Updated Fri, 01 Sep 2023 12:19 PM IST
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Can Police Torture In Custody In India Know What Your Rights
What to do if police refuse to register an FIR - फोटो : Istock

Can Police Torture In Custody: देश में पुलिस की एक महत्वपूर्ण भूमिका है। लोगों को सुरक्षित रखने और अपराध रोकने में पुलिस का अहम योगदान होता है। देश में कानूनों की रक्षा करना में भी पुलिस निर्णायक भूमिका निभाती है। ऐसे में यह कहना गलत नहीं है कि पुलिस देश में कानून व्यवस्था की संरक्षक होती है। अगर पुलिस न हो तो देश और राज्य की प्रशासन व्यवस्था की कल्पना कर पाना मुश्किल है। समाज में कानून व्यवस्था का अच्छे ढंग से पालन किया जा रहा है? इसकी निगरानी करना पुलिस का काम होता है। हालांकि, देश में ऐसे कई मामले सामने निकलकर आए हैं, जहां पुलिस किसी व्यक्ति को हिरासत में लेकर उसके साथ मारपीट करती है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या पुलिस के पास यह अधिकार है कि वह किसी व्यक्ति को हिरासत में लेकर उसके साथ मारपीट कर सकती है? आइए जानते हैं इसके बारे में विस्तार से - 

Can Police Torture In Custody In India Know What Your Rights
What to do if police refuse to register an FIR - फोटो : Istock

सबसे पहले आपको इस बारे में पता होना चाहिए कि हिरासत और गिरफ्तारी में अंतर क्या होता है? हिरासत में व्यक्ति से पूछताछ करने के लिए कुछ घंटों के लिए उसको जेल में ले जाया जाता है।

Can Police Torture In Custody In India Know What Your Rights
What to do if police refuse to register an FIR - फोटो : Istock

वहीं गिरफ्तारी में किसी व्यक्ति को किसी अपराध में दोषी पाए जाने या शक होने पर जेल भेजा जाता है। हालांकि, गिरफ्तार करने से पहले व्यक्ति को हिरासत में लिया जाता है। इस दौरान पूछताछ या कोर्ट के आदेश पर उसको जेल में भेजा जाता है। 

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Can Police Torture In Custody In India Know What Your Rights
What to do if police refuse to register an FIR - फोटो : Istock

अब सवाल है कि क्या गिरफ्तारी या हिरासत में लेने के बाद व्यक्ति के साथ पुलिस मारपीट कर सकती है? इसको लेकर सुप्रीम कोर्ट ने आदेश भी जारी किया है। अगर पुलिस गिरफ्तारी या हिरासत में लेने के बाद किसी व्यक्ति के साथ मारपीट करती है। इसको कस्टोडियन वायलेंस कहा जाता है। देश में इसको गैर कानूनी माना गया है। पुलिस न्यायालय की इजाजत के बिना मारपीट नहीं कर सकती है। 

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Can Police Torture In Custody In India Know What Your Rights
What to do if police refuse to register an FIR - फोटो : Istock

अगर पुलिस किसी व्यक्ति के साथ मारपीट करती है। ऐसे में मजिस्ट्रेट क्रिमिनल प्रोसीजर कोड 1973 कानून के तहत पुलिस के खिलाफ वारंट जारी करता है। मजिस्ट्रेट यहां गिरफ्तारी या कार्रवाई करने का भी आदेश दे सकता है।

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