फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

pradosh vrat 2021: इस दिन है माघ शुक्ल प्रदोष व्रत, जानें तिथि महत्व और संपूर्ण पूजा विधि

Wed, 17 Feb 2021 06:44 AM IST
Shashi Shashi धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला Published by: Shashi Shashi Updated Wed, 17 Feb 2021 06:44 AM IST
विज्ञापन
Pradosh vrat 2021 know the date time significance and vrat puja vidhi of magh Shukla pradosh vrat
शिव पार्वती - फोटो : Social media

हिंदि कैलेंडर के अनुसार माह के दोनों पक्षों की त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत किया जाता है। इस बार माघ मास की त्रयोदशी तिथि का प्रदोष व्रत 24 फरवरी 2021 दिन बुधवार को पड़ रहा है। इस दिन भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा की जाती है। प्रदोष व्रत की पूजा प्रदोष काल के समय की जाती है। यह दिन भगवान शिव की कृपा पाने के लिए बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन व्रत करने के साथ शिव-पार्वती की संयुक्त रूप से पूजा करनी चाहिए। हिंदू धर्म में इस व्रत का विशेष महत्व माना गया है। जानते हैं प्रदोष व्रत का महत्व, मुहूर्त और पूजा विधि-

Pradosh vrat 2021 know the date time significance and vrat puja vidhi of magh Shukla pradosh vrat
प्रदोष व्रत (प्रतीकात्मक तस्वीर)
प्रदोष व्रत का महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार प्रदोष व्रत को नियम निष्ठा के साथ करने से मनुष्य के समस्त पाप और दोषों का नाश होता है। इस दिन भगवान शिव के साथ माता पार्वती की पूजा भी की जाती है, जिससे भक्त पर दोनों की कृपा बनी रहती है। इस व्रत को करने से आर्थिक परेशानियां दूर होती हैं और घर में सुख-समृद्धि आती है।

Pradosh vrat 2021 know the date time significance and vrat puja vidhi of magh Shukla pradosh vrat
प्रदोष व्रत (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : google
प्रदोष व्रत तिथि आरंभ और समाप्ति समय-


शुक्ल पक्ष प्रदोष व्रत तिथि- 24 फरवरी 2021 दिन बुधवार 


माघ शुक्ल त्रयोदशी तिथि आरंभ- 24 फरवरी 2021 दिन बुधवार शाम 06 बजकर 05 मिनट से।


माघ शुक्ल पक्ष त्रयोदशी तिथि समाप्त- 25 फरवरी 2021 दिन बृहस्पतिवार शाम 05 बजकर 18 मिनट पर।

विज्ञापन
विज्ञापन
Pradosh vrat 2021 know the date time significance and vrat puja vidhi of magh Shukla pradosh vrat
प्रदोष व्रत (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : Social media
प्रदोष व्रत पूजा विधि-

 

  • त्रयोदशी तिथि को ब्रह्म मूहूर्त में उठकर स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें। 
  • जिस स्थान पर पूजा करनी हैं, वहां गंगाजल छिड़कर पवित्र करें।
  • एक चौकी पर सफेद रंग का कपड़ा बिछाएं और चौकी के चारों ओर कलावा बांधें।
  • चौकी पर भगवान शिव और माता पार्वती की प्रतिमा या तस्वीर को विराजित करें।
  • भगवान शिव को चंदन का तिलक लगाएं और फूल-माला अर्पित करें।
  • धूप दीप जलाएं और भांग, धतूरा मौसमी फल अर्पित करें।
  • तत्पश्चात भगवान शिव को प्रसाद अर्पित करके आरती उतारें।

इसके अलावा प्रदोष व्रत के दिन शिवलिंग का अभिषेक करके बिल्वपत्र, धतूरा भांग आदि चीजें अर्पित करनी चाहिए।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स,स्वास्थ्य संबंधी सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed