चैत्र मास में शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से बासंतिक या चैत्र नवरात्रि आरंभ हो जाती हैं। इस बार चैत्र नवरात्रि 13 अप्रैल 2021 दिन मंगलवार से से शुरू हो रही हैं। पूरे देश में नवरात्रि का पर्व बड़ी ही श्रद्धा और भक्तिभाव से मनाया जाता है। लोग नवरात्रि में पूरे 9 दिनों तक व्रत रखकर मां दुर्गा की पूजा और उपासना करते हैं। कुछ लोग नवरात्रि के पहले और आखिरी दिन व्रत करते हैं तो कुछ लोग पूरे नौ दिनों तक व्रत करते हैं। इस दौरान दो तरह व्रत रखने की परंपरा है। लोग पूरे नौ दिनों तक फलाहार करते हुए व्रत करते हैं तो कुछ मनोकामना के अनुसार नौ दिनों तक निर्जला व्रत भी रखते हैं। इसलिए यह व्रत अत्यंत कठिन मानें जातें हैं, लेकिन कुछ लोगों को पूरे नौ दिनों के व्रत नहीं रखने चाहिए।
Navratri 2021: जानिए किन लोगों को नहीं रखने चाहिए नवरात्रि के व्रत
यदि कोई महिला गर्भवती हो तो उसे व्रत नहीं रखना चाहिए, क्योंकि इस समय महिलाओं को जरूरी पोषक तत्वों की जरूरत होती है, व्रत करने से उनकी सेहत पर असर पड़ सकता है और गर्भ में पल रहे शिशु को भी परेशानी हो सकती है। गर्भावस्था में महिलाओं को केवल पूजा कर लेनी चाहिए। इसके अलावा जो महिलाएं अपने शिशुओं को स्तनपान करवाती हो, उन्हें भी नवरात्रि में पूरे व्रत नहीं रखना चाहिए।
व्रत पूर्ण करने के लिए भी शरीर में ऊर्जा का होना जरूरी होता है। बीमारी की स्थिति में शरीर की शक्ति क्षीण हो जाती है, इसलिए जो लोग बीमार चल रहे हैं हो उनको व्रत नहीं रखना चाहिए। व्रत रखने से उनकी की सेहत और भी ज्यादा बिगड़ने का खतरा रहता है।
डायबिटीज (मधुमेह) को थोड़ी-थोड़ी देर में खाने की सलाह दी जाती है। ऐसे में यदि व्रत करेंगे तो ज्यादा देर तक खाली पेट रहने से समस्या हो सकती है, इसलिए डायबिटीज के रोगियों को नवरात्रि के दौरान व्रत नहीं रखना चाहिए।
जिन लोगों को खाली पेट रहने पर शरीर में किसी भी प्रकार की दिक्कत या परेशानी होती है तो पहले डाक्टर से बात करनी चाहिए, इसके बाद ही व्रत करना चाहिए। जिन लोगों की हाल ही सर्जरी हुई हो या जो लोग ब्लडप्रेशर आदि की दवाइयां लेते हैं, उन्हें भी व्रत नहीं रखना चाहिए, क्योंकि कुछ दवाएं खाने के बाद ही ली जा सकती हैं।