पूर्ण जगत ग्रहों के आधीन है क्योंकि परमेश्वर श्रीशिव ने जगत संचालन एवं व्यवस्था बनाये रखने के लिए ग्रहों को ही अधिकारी नियुक्त किया है अतः हानि-लाभ,जीवन-मरण,यश-अपयश,स्वास्थ्य,शिक्षा,सामाजिक पदप्रतिष्ठा,नौकरी,सुखद-दुखद दांपत्य जीवन आदि प्रदाता ग्रह ही हैं। ग्रहाः राज्यं प्रयच्छन्ति,ग्रहाः राज्यं हरन्ति च । अर्थात ग्रह अनुकूल हों तो आपको राज्य दे सकते हैं और प्रतिकूल हैं तो आपके राज्य का हरण भी कर सकते हैं। जीवन में चौमुखी विकास के लिए ग्रहों की अनुकूलता परम आवश्यक है। जिन मां पराम्बा दुर्गा जी की तपस्या करके ग्रहों को शक्तियां प्राप्त होती हैं यदि आप भी इस नवरात्रि में उन्हीं मां पर ग्रहों एवं उनकी राशियों के अनुसार पुष्प से पूजन अर्चन करें तो आपके ऊपर ग्रहों की अनुकूलता और भी बढ़ जायेगी। सभी राशियों के लिए अलग-अलग रंग-पुष्प बताए गए हैं। नवरात्रि में माँ दुर्गा की पूजा अपने ग्रहों एवं राशि के अनुसार बताए गए पुष्पों से करके आप अपने सभी मनोरथ पूर्ण कर सकते हैं। माँ दुर्गा की आराधना में सभी राशियों के लिए कमल,गुडहल,गुलाब एवं कनेर प्रजातियों के सभी पुष्प शुभ माने गए हैं। इन पुष्पों के द्वारा का पूजन करना माँ की प्रसन्नता के लिए सर्वश्रेष्ठ माना गया है। सभी बारह राशियों के जातक अपनी-अपनी राशि स्वामी के अनुसार भी मां का पूजन-अर्चन करके स्वामी ग्रहों की अनुकूलता में वृद्धि कर सकते हैं।
Navratri 2022 : नवरात्रि पर अपनी राशि स्वामी के अनुसार ऐसे करें देवी दुर्गा की पूजा-आराधना
पं जयगोविंद शास्त्री, ज्योतिषाचार्य, नई दिल्ली
Published by: विनोद शुक्ला
Updated Mon, 04 Apr 2022 10:18 AM IST
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