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जौनपुर डबल मर्डर: राजनीतिक वर्चस्व में हुई हिस्ट्रीशीटर की हत्या

Tue, 24 May 2016 11:54 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, थानागद्दी/जौनपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, थानागद्दी/जौनपुर Updated Tue, 24 May 2016 11:54 AM IST
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history sheeter radheshyam killed in jaunpur double murder case
जौनपुर हिस्ट्रीशीटर की हत्या - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, थानागद्दी/जौनपुर

उत्तर प्रदेश में जौनपुर में सोमवार को दो लोगों को दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या करने की गुत्‍थी सुलझ गई है। चंदवक थाने के हिस्ट्रीशीटर राधेश्याम सिंह और सिपाही विनय कुमार सिंह की हत्या राजनीतिक वर्चस्व में की गई है। हत्या का कारण ब्लाक प्रमुखी का चुनाव बताया जा रहा है। तस्वीरों में देखें पूरी खबर।

राजनीतिक वर्चस्व में हुई राधेश्याम और विनय की हत्या

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हत्याकांड के बाद मौके पर जुटे लोग - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, थानागद्दी/जौनपुर

भूलनडीह गांव निवासी राधेश्याम सिंह जरायम की दुनिया में वर्ष 2000 से ही सक्रिय था। उस पर चंदवक सहित कई थानों में तकरीबन 20 मुकदमे दर्ज हैं। उसकी हिस्ट्रीशीट संख्या 116ए है। वर्ष 2006 में हत्या जैसे संगीन मामले में भी वह जेल जा चुका था। उधर, आरोपी अजय प्रकाश सिंह उर्फ केडी सिंह भी शातिर अपराधियों में शुमार है। लखनऊ, उन्नाव सहित कई जिलों में उस पर कई केस दर्ज हैं।

राजनीतिक वर्चस्व में हुई राधेश्याम और विनय की हत्या

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हत्याकांड में छतिग्रस्त हुई कार - फोटो : ब्यूरो/अमर उजाला, थानागद्दी/जौनपुर

केडी का नाम लखनऊ के चर्चित मेहर भार्गव हत्याकांड में भी आया था। एक पूर्व सांसद का करीबी होने के नाते केडी सिंह दो बार ब्लाक प्रमुख रह चुका है। यही नहीं सुल्तानपुर जिले के लंभुआ विधानसभा से वह पीस पार्टी से विधायक का चुनाव भी लड़ चुका है। 2010 के ब्लाक प्रमुख चुनाव में राधेश्याम सिंह, सुजीत सिंह निवासी कछवन की मदद कर रहा था। केडी सिंह ने उसे मना किया लेकिन वह नहीं माना।

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राजनीतिक वर्चस्व में हुई राधेश्याम और विनय की हत्या

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घटना स्थल पर पहुंचे डीआईजी

इसी के बाद दोनों में वर्चस्व की जंग छिड़ गई। 2016 के ब्लाक प्रमुख चुनाव में केडी ने अपना प्रत्याशी उतारा था तो बतौर क्षेत्र पंचायत सदस्य राधेश्याम ने उसका विरोध किया और सपा प्रत्याशी शंकर यादव की मदद की। केडी सिंह का प्रत्याशी सिर्फ दो वोटों से चुनाव हार गया। तभी केडी ने राधेश्याम को सबक सिखाने की बात कही थी।

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राजनीतिक वर्चस्व में हुई राधेश्याम और विनय की हत्या

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हत्या के बाद रोते-विलखते परिजन

क्षेत्र पंचायत सदस्य राधेश्याम सिंह और सिपाही विनय कुमार सिंह दोनों अपने माता पिता के अकेले पुत्र थे। राधेश्याम सिंह की पत्नी सोनी भूलनडीह गांव की प्रधान है। उसके दो पुत्र साढ़े तीन साल और आठ माह के हैं। उधर सिपाही विनय भी अपने परिवार में अकेला था। उसके एक पुत्र और दो पुत्रियां हैं।

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