चारो और लहराती धर्म ध्वजा... चारों और गूंजती ओम नम: शिवाय की गूंज... सिर पर कलश रखकर चलती सैकड़ों महिलाएं और बग्गियों मे विराजमान साधु-संत व महामंडलेश्वर... कुछ ऐसा ही नजारा मंगलवार को उज्जैन मे शुरू हुए पंच दिवसीय संत सम्मेलन के शुभारंभ अवसर पर निकली शोभायात्रा के दौरान दिखाई दिया।
चारधाम मंदिर के स्वामी अखंडानंदजी की 55वीं पुण्यतिथि पर आयोजित किए जा रहे पांच दिवसीय कार्यक्रम की शुरूआत सामाजिक न्याय परिसर आगर रोड से निकली शोभायात्रा के साथ हुई। यह शोभायात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई चारधाम मंदिर पहुंची। इस यात्रा का नगर के विभिन्न स्थानों पर स्वागत-सत्कार किया गया। यह शोभायात्रा इतनी भव्य थी कि यात्रा ने सिंहस्थ की याद ताजा कर दी।
पांच दिवसीय संत सम्मेलन, रामकथा और रासलीला का भव्य आयोजन कार्यक्रम के प्रणेता चार धाम मंदिर के महामंडलेश्वर स्वामी शांतिस्वरूपानंद गिरि महाराज ने बताया कि पेशवाई के रूप मे निकली यह शोभायात्रासामाजिक न्याय परिसर अगर रोड से देवासगेट, मालीपुरा, दौलतगंज, नई सड़क, सती गेट, सराफा, गोपाल मन्दिर, पटनी बाजार, गुदरी, चौबीस खम्बा से होते हुए चारधाम मन्दिर पहुंची। इस यात्रा मे सैकड़ों महिलाएं अपने सर पर कलश रख आगे चल रही थी। धर्म ध्वजा, बैंड-बाजे एवं बग्गियों पर साधु-संत व महामंडलेश्वर विराजित थे।
2 of 3
संत समाज को बग्गियों में बिठाकर शहरभ्रमण कराया गया।
- फोटो : अमर उजाला
यह हो रहे हैं महोत्सव मे शामिल
इस महोत्सव में मुख्य रूप से महामंडलेश्वर, मंडलेश्वर एवं महाराज एवं संत शामिल हो रहे हैं। महामंडलेश्वर 1008 युगपुरुष श्री स्वामी परमानंद गिरि महाराज, साध्वी मां ऋतुम्भरा जी, मां अमृतानंदमयी मूर्ति, स्वामी रामदेव, अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रविंदपुरी महाराज, सचिव महंत हरिगिरि महाराज एवं अन्य महाराज साधु-संत भी भाग लेंगे।
3 of 3
उज्जैन में संत सम्मेलन की शोभायात्रा में बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया।
- फोटो : अमर उजाला
समारोह के लिए आएंगे मुख्यमंत्री
13 से 17 दिसंबर 2022 तक संत सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इस संत सम्मेलन मे रामकथा एवं रास लीला का विराट आयोजन किया जाएगा। इस आयोजन में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान 14 तारीख को सम्मलित हो सकते है।