{"_id":"6691fd07baf249bd3e0f206e","slug":"indore-nagar-nigam-property-tax-collection-mp-e-nagar-palika-portal-issue-2024-07-13","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Exclusive: निगम को 100 करोड़ का नुकसान, पोर्टल बंद होने से टैक्स नहीं भर पाए लोग, 785 करोड़ रुपए मिले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Exclusive: निगम को 100 करोड़ का नुकसान, पोर्टल बंद होने से टैक्स नहीं भर पाए लोग, 785 करोड़ रुपए मिले
Sat, 13 Jul 2024 09:35 AM IST
अर्जुन रिछारिया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Sat, 13 Jul 2024 09:35 AM IST
सार
इंदौर नगर निगम ने 2023-24 में 900 करोड़ रुपए टैक्स इकट्ठा करने का टारगेट रखा था। आठ महीने बाद भी ठीक से नहीं चल रहा है टैक्स भरने वाला एमपीईनगरपालिका पोर्टल।
विज्ञापन
इंदौर निगम को सौ करोड़ रुपए टैक्स का नुकसान हुआ।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल, इंदौर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंदौर नगर निगम को एमपीईनगरपालिका पोर्टल (mp e nagar palika portal) बंद होने की वजह से बड़ा नुकसान हुआ है। पोर्टल बंद होने की वजह से जनता टैक्स नहीं भर पाई और नगर निगम ने टैक्स के लिए जो टारगेट सेट किया था वह पूरा नहीं हो पाया। नगर निगम को वित्त वर्ष में सौ करोड़ से अधिक का नुकसान हुआ है।
900 करोड़ टैक्स का अनुमान था 785 करोड़ मिले।
- फोटो : अमर उजाला, डिजिटल, इंदौर
टैक्स बढ़ाने के लिए किए गए थे कई प्रयास
दरवाई ने बताया कि टैक्स कलेक्शन बढ़ाने के लिए कई प्रयास किए गए थे। हमने कई क्षेत्रों में प्रापर्टी गाइड लाइन के रेट सुधारे, लोगों को आनलाइन टैक्स भरने के लिए प्रोत्साहित किया और कई व्यवस्थाओं में बदलाव किए। हमें पूरी उम्मीद थी कि इस साल सर्वाधिक टैक्स मिलेगा। दरवाई ने बताया कि आने वाले समय में नगर निगम का टैक्स कलेक्शन एक हजार करोड़ के आसपास जा सकता है।
दिसंबर में खराब हुआ था पोर्टल
एमपीईनगरपालिका पोर्टल दिसंबर में चलना बंद हुआ था। इसके बाद इसे सुधारने में दो से तीन महीने लगे लेकिन फिर भी लोग टैक्स जमा नहीं कर पाए। बीच में तो जिन लोगों ने टैक्स जमा किया था उनकी जानकारी भी पोर्टल से गायब हो गई। अब पोर्टल में लोग टैक्स भर रहे हैं लेकिन फिर भी उन्हें कई तरह की परेशानियां सामने आ रही हैं।
नया पोर्टल बनाएगा निगम
मप्र के इस पोर्टल पर दिक्कत आने के बाद इंदौर नगर निगम ने निर्णय लिया है कि अब वह अपना खुद का पोर्टल बनाएगा। महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि मप्र के पोर्टल पर सभी जिलों का लोड रहता है और इंदौर की व्यवस्था को सुचारू रूप से चालू रखने के लिए हमने अपना पोर्टल बनाने का निर्णय लिया है। इसके लिए हमने राज्य स्तर पर अनुमति भी ले ली है। भोपाल में पहले से ही खुद का पोर्टल बना हुआ है और अब इंदौर भी अपने जिले का अलग पोर्टल बनाने जा रहा है।
कैसे बढ़ रहा इंदौर नगर निगम का टैक्स
2020 - 2021
483 करोड़
2021 - 2022
724 करोड़
2022 - 2023
743 करोड़
2023-2024
785 करोड़
दरवाई ने बताया कि टैक्स कलेक्शन बढ़ाने के लिए कई प्रयास किए गए थे। हमने कई क्षेत्रों में प्रापर्टी गाइड लाइन के रेट सुधारे, लोगों को आनलाइन टैक्स भरने के लिए प्रोत्साहित किया और कई व्यवस्थाओं में बदलाव किए। हमें पूरी उम्मीद थी कि इस साल सर्वाधिक टैक्स मिलेगा। दरवाई ने बताया कि आने वाले समय में नगर निगम का टैक्स कलेक्शन एक हजार करोड़ के आसपास जा सकता है।
दिसंबर में खराब हुआ था पोर्टल
एमपीईनगरपालिका पोर्टल दिसंबर में चलना बंद हुआ था। इसके बाद इसे सुधारने में दो से तीन महीने लगे लेकिन फिर भी लोग टैक्स जमा नहीं कर पाए। बीच में तो जिन लोगों ने टैक्स जमा किया था उनकी जानकारी भी पोर्टल से गायब हो गई। अब पोर्टल में लोग टैक्स भर रहे हैं लेकिन फिर भी उन्हें कई तरह की परेशानियां सामने आ रही हैं।
नया पोर्टल बनाएगा निगम
मप्र के इस पोर्टल पर दिक्कत आने के बाद इंदौर नगर निगम ने निर्णय लिया है कि अब वह अपना खुद का पोर्टल बनाएगा। महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने कहा कि मप्र के पोर्टल पर सभी जिलों का लोड रहता है और इंदौर की व्यवस्था को सुचारू रूप से चालू रखने के लिए हमने अपना पोर्टल बनाने का निर्णय लिया है। इसके लिए हमने राज्य स्तर पर अनुमति भी ले ली है। भोपाल में पहले से ही खुद का पोर्टल बना हुआ है और अब इंदौर भी अपने जिले का अलग पोर्टल बनाने जा रहा है।
कैसे बढ़ रहा इंदौर नगर निगम का टैक्स
2020 - 2021
483 करोड़
2021 - 2022
724 करोड़
2022 - 2023
743 करोड़
2023-2024
785 करोड़
