Global Day Of Parents 2024: किसी भी परिवार की नींव माता पिता पर निर्भर होती है। माता-पिता बच्चों के जीवन का सबसे पहला और जरूरी हिस्सा होते हैं। अभिभावक प्रेम, समर्पण, त्याग और करुणा का प्रतीक होते हैं।
Global Day Of Parents 2024: अपने माता-पिता के प्रति निभाएं ये कर्तव्य
आप चाहे बेटा हों या बेटी, माता पिता के लिए आपके कुछ कर्तव्य और जिम्मेदारी हैं, जिन्हें आपको पूरा करना चाहिए।
सम्मान करें
सबसे बड़ा कर्तव्य तो है कि बच्चों के मन में माता पिता के लिए सम्मान की कमी नहीं होनी चाहिए। हर अभिभावक ये उम्मीद करता है कि उनका कितना भी बड़ा क्यों न हो जाए, लेकिन उसकी नजरों में माता पिता के लिए आदर हो। आपको वो आदर बनाकर रखना चाहिए, ताकि अभिभावक आत्मसंतुष्ट रहें।
सहयोग करें
बच्चे के जन्म के बाद माता पिता उसकी हर जरूरत और इच्छा को बिना कहे जानकर उसे पूरा करते हैं। अबोध बालक के रोने मात्र से मां समझ जाती है कि बच्चा भूखा है या उसे कुछ परेशान कर रहा है। वहीं माता-पिता जब बूढ़े होते हैं और शारीरिक तौर पर कमजोर होते हैं तो उनकी निर्भरता बच्चों पर बढ़ जाती है। ऐसे वक्त पर माता पिता का सहयोग करना, उनकी मदद करना हर बच्चे का कर्तव्य है। यह सहयोग शारीरिक तौर पर भी हो सकता है और आर्थिक तौर पर भी। माता पिता का सहारा बनना आपका कर्तव्य है।
स्वास्थ्य का ख्याल
अभिभावक अपनी सेहत से पहले बच्चे की चिंता करते हैं। नवजात शिशु जब देर रात तक सोता नहीं, तो अपनी नींद खोकर माता पिता उसके साथ जगते हैं। उनकी नींद पूरी नहीं होती, थकान और तबियत खराब होने लगती है। हालांकि वह अपने स्वास्थ्य की चिंता किए बिना बच्चे की सेहत का ध्यान देते हैं। बच्चा जब समझदार होने लगे तभी से उसे अपनी मां की थकान और पिता के पैर दर्द को समझकर उनको आराम देना चाहिए। उनके स्वास्थ्य की देखभाल की जिम्मेदारी बच्चों की ही होती है।
जरूरतों को समझें
माता-पिता हाथ पैर चलने तक आपकी हर जरूरत का ख्याल रखते हैं। आपकी पसंद का खाना बनाने से लेकर, खिलौने और अच्छे स्कूल में पढ़ाने तक, पहला मोबाइल फोन दिलाने से आपके कपड़ों को व्यवस्थित करने तक हर जरूरत माता पिता पूरी करते हैं। उनकी जरूरतों को समझने की जिम्मेदारी बच्चे की होती है। बेटा हो या बेटी, माता पिता के रिटायरमेंट से पहले ही उनकी आर्थिक जरूरतों को पूरा करने की जिम्मेदारी उठा लें। नौकरी लगने पर माता पिता को पॉकेट मनी दे सकते हैं। उनकी पसंद का खाना पिता, नए कपड़े और उनको व्यवस्थित करने का कर्तव्य बच्चों का ही होता है। हो सकता है कि उन्हें आर्थिक तौर पर आपकी जरूरत न हो, बल्कि आपके वक्त की जरूरत हो, आपको उन्हें वक्त देना चाहिए।