Medically Reviewed by Dr. Rajan Gandhi
जनरल फिजिशियन, चाइल्डकेयर हॉस्पिटल, उजाला सिग्नस हॉस्पिटल
डिग्री- एम.बी.बी.एस, डिप्लोमा सी.एच
अनुभव- 25 वर्ष
भारत में बड़े पैमाने पर गेहूं का उपभोग किया जाता है। इससे बनी रोटी, चपाती, पराठे, पूरी आदि का सेवन देशभर में रोजाना किया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि गेहूं के अलावा जौ और राई जैसे खाद्य पदार्थों में एक प्रकार का प्रोटीन पाया जाता है, जो कभी-कभी सेहत के लिए हानिकारक भी हो सकता है। इस प्रोटीन को ग्लूटेन कहा जाता है। यह एक प्रकार का लसलसा पदार्थ होता है, जो शरीर में भोजन को एक साथ बनाए रखने में मदद करता है। विशेषज्ञ कहते हैं कि इस ग्लूटेन का सेवन कुछ लोगों के लिए हानिकारक हो सकता है, खासकर उन लोगों के लिए जिन्हें गेहूं से एलर्जी है या सीलिएक रोग से पीड़ित हैं। अगर ऐसे लोग ग्लूटेन युक्त आहार का सेवन करते हैं तो उन्हें गंभीर समस्याएं हो सकती हैं, जिसमें पाचन संबंधी समस्याएं भी शामिल हैं। आइए जानते हैं ग्लूटेन फ्री फूड के फायदों के बारे में...
अलर्ट: क्या होता है ग्लूटेन और यह सेहत के लिए किस तरह से है खतरनाक? जानिए सबकुछ
पाचन संबंधी समस्याओं से दिला सकता है राहत
- पाचन संबंधी समस्याओं, जैसे कि पेट फूलना, गैस, दस्त या कब्ज के इलाज के लिए ग्लूटेन मुक्त आहार का सेवन करने की सलाह दी जाती है। कई अध्ययनों में भी यह पाया गया है कि ग्लूटेन फ्री डाइट इन समस्याओं से छुटकारा दिला सकते हैं।
जोड़ों के दर्द को कम करने में असरदार
- ग्लूटेन मुक्त आहार लेने से जोड़ों के दर्द, विशेष रूप से घुटनों में दर्द, पीठ दर्द और कलाई में दर्द को रोकने में मदद मिल सकती है। ये सीलिएक रोग के सामान्य लक्षण हैं। इस बीमारी में अंदरूनी सूजन की समस्या भी आती है।
ऊर्जा को बढ़ाने में मददगार
- अगर किसी व्यक्ति को सीलिएक रोग है, तो उसे ग्लूटेन मुक्त आहार लेने की सलाह दी जाती है। इससे शरीर में ऊर्जा के स्तर को बढ़ाया जा सकता है। ग्लूटेन फ्री फूड आपकी थकान और सुस्ती से निजात दिला सकता है।
ग्लूटेन फ्री डाइट के नुकसान भी हैं
- विशेषज्ञ कहते हैं कि जिन लोगों को सीलिएक रोग नहीं है और ग्लूटेन मुक्त डाइट लेते हैं, तो उन्हें महत्वपूर्ण पोषक तत्व, जैसे आयरन, कैल्शियम, कार्बोहाइड्रेट और विटामिन-डी उचित मात्रा में नहीं मिल पाते और ऐसे में हड्डियों से संबंधित और अन्य कई तरह की बीमारियां हो सकती हैं।
नोट: डॉ. राजन गांधी अत्यधिक योग्य और अनुभवी जनरल फिजिशियन हैं। इन्होंने कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज से अपना एमबीबीएस पूरा किया है। इसके बाद इन्होंने सीएच में डिप्लोमा पूरा किया। फिलहाल यह उजाला सिग्नस कुलवंती अस्पताल, कानपुर में मेडिकल डायरेक्टर और सीनियर कंसल्टेंट फिजिशियन के तौर पर काम कर रहे हैं। यह आईएमए (इंडियन मेडिकल एसोसिएशन) के आजीवन सदस्य भी हैं। डॉ. राजन गांधी को इस क्षेत्र में 25 साल का अनुभव है।
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