युवाओं में कम उम्र में बालों की समस्या काफी तेजी से बढ़ती हुई देखी जा रही है। बड़ी संख्या में लोग 30 की उम्र से पहले ही बालों के झड़ने या सफेद होने की दिक्कत से परेशान हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, बालों की इस तरह की बढ़ती समस्याओं के कई कारण हो सकते हैं, जिसमें लाइफस्टाइल-आहार की गड़बड़ी से लेकर कई पर्यावरणीय स्थितियां भी जिम्मेदार हो सकती हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहतें हैं सभी लोगों को दैनिक रूप से बालों को स्वस्थ रखने वाले प्रयास करते रहने चाहिए।
Grey Hair: 30 की आयु से पहले सफेद हो जाएंगे आपके बाल, बचना है तो तुरंत छोड़ दीजिए ये आदतें
क्यों सफेद होते हैं बाल?
बाल सफेद करने वाले कारकों के बारे में जानने से पहले यह जानना जरूरी है कि आखिर प्राकृतिक रूप से ये सफेदी क्यों आती है? स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, हमारे बालों के रोमों में रंगद्रव्य कोशिकाएं होती हैं जो मेलेनिन बनाती हैं, यह रसायन ही हमारे बालों को रंग देता है। जैसे-जैसे आपकी उम्र बढ़ती है, ये कोशिकाएं मरने लगती हैं। रंगद्रव्य की कमी के कारण नए बाल हल्के रंग या फिर सफेद होने लगते हैं। हमारे जीवनशैली की कई आदतें इन रंगद्रव्यों को प्रभावित करने वाली हो सकती हैं।
धूम्रपान के कारण होने वाली समस्या
शोधकर्ताओं ने पाया कि जो लोग अधिक धूम्रपान करते हैं उनके बाल, धूम्रपान न करने वालों की तुलना में अधिक तेजी से सफेद होते हैं। शोध में पाया गया कि धूम्रपान मेलेनिन उत्पादन को बंद कर सकता है और इसलिए समय से पहले बाल सफ़ेद होने लगते हैं। इसके अलावा सिगरेट के धुएं में मौजूद विषाक्त पदार्थ शरीर में हार्मोनल संतुलन को भी बिगाड़ सकते हैं, यह बालों के रोमों को नुकसान पहुंचाता है, जिसके कारण भी बालों में सफेदी की समस्या हो सकती है।
ज्यादा तनाव लेना भी हानिकारक
अधिक तनाव लेने की स्थिति को बालों की समस्याओं से जोड़कर देखा जाता है। यदि आप अधिक तनाव लेते हैं तो इससे न सिर्फ समय से पहले बालों के टूटने की समस्या हो सकती है साथ ही यह कम उम्र में बालों के सफेद होने की समस्या को भी बढ़ाने वाली हो सकती है।
अध्ययन से पता चलता है कि तनाव की समस्या वास्तव में आपके बालों को सफेद कर सकती है। शोधकर्ताओं ने पाया कि यह भी बालों के रंग वर्णकों को क्षति पहुंचाने वाली हो सकती है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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