हिंदू मान्यताओं के अनुसार अगर कोई गर्भवती महिला सूर्य ग्रहण देख लेती है तो उसका बुरा असर उसके होने वाले बच्चे पर पड़ता है।कहा जाता है कि किसी भी ग्रहण का असर पूरे 108 दिनों तक बना रहता है।ऐसे में गर्भवती महिला को बचकर रहना चाहिए। इस बार साल का पहला सूर्य ग्रहण 6 जनवरी को लगने वाला है।
सूर्य का प्रकाश जब चंद्रमा की वजह से पृथ्वी तक नहीं पहुंच पाता है तो उसे सूर्यग्रहण कहा जाता है। साल का पहला सूर्यग्रहण पौष अमावस्या पांच जनवरी की आधी रात के बाद छह जनवरी की मध्य तक धरती से दिखाई देगा। यानी इस साल का पहला सूर्य ग्रहण 6 जनवरी को लगेगा। हालांकि कहा जा रहा है कि भारत में यह सूर्य ग्रहण दिखाई नहीं देगा।यूरोप, मध्य एशिया, अफ्रीका, अमेरिका में ये ग्रहण दिखाई देखा लेकिन इस दौरान कुछ विशेष बातों का ख्याल जरूर रखना चाहिए।ऐसे में आइए जानते हैं कैसे कोई प्रेग्नेंट माहिला अपने बच्चे को ग्रहण के असर से बचा सकती है।
ग्रहण देखने पर
ऐसा माना जाता है कि गर्भवती महिला अगर ग्रहण देख लेती है तो उसका सीधा असर उसके होने वाले बच्चे की शारीरिक और मानसिक सेहत पर पड़ता है।इसकी वजह से शिशु गंदे लाल चिन्हों के साथ पैदा होता है।
नुकीली चीज
ग्रहण के दौरान अगर कोई महिला नुकीली चीज का इस्तेमाल फल या सब्जी काटने के लिए करती है तो ऐसा माना जाता है कि ऐसा करने से उसके शिशु के अंगों को हानि पहुंच सकती है।
कैंची
ग्रहण के दौरान अगर कोई महिला कैंची का इस्तेमाल करती है तो माना जाता है कि उसके ऐसा करने से उसके होने वाले शिशु के होंठ कट जाते हैं।
सुई
ग्रहण के दौरान सुई का इस्तेमाल करने से गर्भवती महिला के होने वाले बच्चे के दिल में छेद हो सकता है। इसके अलावा अगर कोई प्रेग्नेंट महिला पानी पीती है तो उसके शिशु की त्वचा रूखी हो सकती है।