इतिहास के पन्नों पर आज 16 जनवरी 2020 की तारीख सुनहरे अक्षरों से दर्ज हो जाएगी, क्योंकि आज देश में दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण के अभियान की शुरुआत हो रही है। ऐसे में हर किसी की नजर इस अभियान पर है। इस पहले चरण में हेल्थवर्कर्स को कोरोना का टीका बिल्कुल मुफ्त लगाया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुबह 10.30 बजे देश में टीकाकरण अभियान की शुरुआत करेंगे। इन सबके बीच कुछ लोगों के मन में ये डर भी है कि कहीं अगर वैक्सीन लेने के बाद उनको कुछ दिक्कतें हो गईं तो फिर क्या होगा? तो चलिए जानते इस बारे में।
कोरोना वैक्सीन लगाने से अगर होंगे गंभीर प्रभाव, तो आपको मिलेगा मुआवजा
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दरअसल, कोरोना वैक्सीन के साइड इफेक्ट्स यानी दुष्प्रभाव को लेकर सरकार की तरफ से कहा गया है कि इन दोनों वैक्सीन के कोई भी दुष्प्रभाव सामने नहीं आए हैं। हालांकि, ये जरूर कहा गया है कि टीका लगने के बाद सिरदर्द, बदन दर्द या फिर हल्का बुखार आदि आ सकता है। देश के स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने इसको लेकर कहा कि किसी भी वैक्सीन को लगाने पर ऐसे मामूली लक्षण हो सकते हैं, जिसके कारण घबराने की जरूरत नहीं है। लोगों को वैक्सीन को दो चरण में लगाया जाएगा।
भारत बायोटेक कंपनी ने अपनी कोवैक्सीन को लेकर कहा है कि अगर इस टीके को लगाने पर किसी तरह के गंभीर प्रभाव सामने आते हैं, तो फिर उस व्यक्ति को मुआवजा दिया जाएगा। हालांकि, इसके लिए ये बात साबित होनी चाहिए कि व्यक्ति में जो दुष्प्रभाव हुए हैं वो वैक्सीन के लगने की वजह से ही हुए हैं। टीकाकरण सेंटर पर जो सहमति पत्र उपलब्ध है, उसमें भी मुआवजे का प्रमुखता से उल्लेख किया गया है। वहीं, अगर किसी व्यक्ति में वैक्सीन लगने के बाद कोई गंभीर दुष्प्रभाव नजर आते हैं, तो सरकार की तरफ से जो आधिकारिक अस्पताल व सेंटर्स दिए गए हैं, वहां उस व्यक्ति का इलाज किया जाएगा।
शुरुआत में सरकार कोरोना के टीके को खुद लगवाएगी, जिसके लिए लोगों को चिन्हित किया गया है। डॉक्टर्स, नर्स, स्टाफ, सफाईकर्मी, पुलिस, जवान आदि लोगों को केंद्र सरकार अपने खर्च पर बिल्कुल मुफ्त कोरोना का टीका लगाएगी। लेकिन आम लोग ये जरूर जानना चाहते हैं कि आखिर बाजार में ये वैक्सीन कब तक आ जाएगी, तो इसका जवाब है कि कोरोना के टीके को बाजार में आने में दो से तीन महीने या फिर उससे भी ज्यादा समय लग सकता है। सरकार की मंजूरी से जब लाइसेंस दिए जाएंगे उसके बाद ही बाजार में आम लोगों के लिए ये वैक्सीन उपलब्ध होगी।
कोरोना वैक्सीन का ट्रायल 18 साल से ज्यादा उम्र के लोगों पर किया गया है, ऐसे में फिलहाल बच्चों को इसकी डोज नहीं दी जाएगी। देश में कोरोना वैक्सीन लगाने की तैयारियों को पूरा कर लिया गया है, और सबको इंतजार है प्रधानमंत्री मोदी से हरी झंड़ी मिलने का। इसके बाद सबसे पहले तीन करोड़ स्वास्थ्य एवं फ्रंटलाइल वर्कर्स को कोरोना वैक्सीन की पहली डोज दी जाएगी। ऐसे में आज का दिन बेहद खास होने वाला है, और सभी को इसका बेसब्री से इंतजार भी है।