पिछले एक दशक में जीवनशैली और आहार में गड़बड़ी के कारण जिन रोगों के मामले तेजी से बढ़ते हुए देखे गए हैं, हृदय रोग उनमें से एक हैं। गंभीर मामलों में ऐसे रोगियों में हार्ट अटैक का खतरा बढ़ जाता है। आमतौर पर हृदय रोगों को उम्र बढ़ने के साथ होने वाली समस्या माना जाता रहा है, हालांकि पिछले कुछ वर्षों में कम उम्र के लोग भी इस गंभीर समस्या के तेजी से शिकार होते जा रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक दिल का दौरा तब पड़ता है जब हृदय में रक्त का प्रवाह अवरुद्ध हो जाता है। इस तरह की रुकावट आमतौर पर वाहिकाओं में वसा, कोलेस्ट्रॉल और अन्य पदार्थों के निर्माण के कारण होती है।
आज का हेल्थ टिप्स: ऐसी तीन गलतियां बढ़ा सकती हैं हार्ट अटैक का जोखिम, कहीं आप भी तो नहीं करते हैं ऐसे काम?
वजन पर नियंत्रण न रखना
आज के समय में अधिकतर लोगों को अधिक वजन या मोटापे की समस्या है, स्वास्थ्य विशेषज्ञ इसे हार्ट अटैक के जोखिम कारकों में से एक मानते हैं। मोटापा के कारण हाई ब्लड कोलेस्ट्रॉल, हाई ट्राइग्लिसराइड, हाई ब्लड प्रेशर और मधुमेह का खतरा बढ़ जाता है, यह सभी स्थितियां हार्ट अटैक के जोखिम को बढ़ा देती हैं। शरीर के वजन का सिर्फ 10% तक कम करने से भी यह जोखिम कम हो सकता है। हार्ट अटैक से बचे रहने के लिए वजन को नियंत्रित करें।
शारीरिक निष्क्रियता
यदि आपको भी आराम तलब जिंदगी पसंद है तो आपकी यह आदत हार्ट अटैक के खतरे को बढ़ा सकती है। शारीरिक निष्क्रियता से हृदय रोगों का जोखिम कई गुना तक बढ़ जाता है। शरीर के निष्क्रिय होने से धमनियों में वसायुक्त पदार्थ का निर्माण होने लगता है। यदि आपके हृदय में रक्त ले जाने वाली धमनियां क्षतिग्रस्त या बंद हो जाती हैं, तो इससे दिल का दौरा पड़ सकता है। यही कारण है कि सभी लोगों को रोजाना व्यायाम करने की सलाह दी जाती है। नियमित व्यायाम करने से हार्ट अटैक और हृदय रोगों का जोखिम 40 फीसदी तक कम हो जाता है।
धूम्रपान और तनाव
अध्ययनों से पता चलता है कि धूम्रपान करने और अधिक तनाव लेने वाले लोगों में हार्ट अटैक का खतरा अधिक होता है। धूम्रपान करने से समय के साथ धमनियों में प्लाक बनने लगता है। इससे धमनियों में संकुचन और हृदय में रक्त का प्रवाह कम हो जाता है जिसके कारण दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ जाता है। इसी तरह से तनाव अधिक लेने से ब्लड प्रेशर की समस्या भी बढ़ जाती है, जिसे हृदय रोगों के मुख्य कारक के रूप में देखा जाता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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