यूनाइटेड किंगडम (यूके) के कई शहर इन दिनों बैक्टीरियल संक्रमण की चपेट में हैं। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पिछले 15 दिनों में यहां कई शहरों में एस्चेरिचिया कोलाई या ई. कोलाई बैक्टीरिया के कारण होने वाली बीमारियों के मामले बढ़े हैं। संक्रमण के प्रकोप के कारण दर्जनों लोगों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। ई. कोलाई बैक्टीरिया आमतौर पर स्वस्थ लोगों की आंतों में मौजूद होते हैं। हालांकि अगर आप दूषित पानी या भोजन से ई. कोलाई के संपर्क में आ सकते हैं तो इसके कारण पाचन से संबंधित कई तरह की दिक्कतें हो सकती हैं।
Alert: ब्रिटेन में तेजी से फैल रही है पेट की ये संक्रामक बीमारी, 100 से अधिक लोग बीमार; भारत में भी अलर्ट
ई. कोलाई बैक्टीरिया का संक्रमण
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक यूके में एक पखवाड़े में 100 से अधिक ई. कोलाई संक्रमण के मामलों की रिपोर्ट के बाद विशेषज्ञों ने अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। एजेंसी के अनुसार, 25 मई से अब तक ब्रिटेन में संक्रमण के 113 मामलों रिपोर्ट किए गए। कई लोगों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। स्वास्थ्य अधिकारियों नें कहा, सभी लोग खान-पान को लेकर विशेष सावधानी बरतें। ताजी और अच्छी स्वच्छता वाली चीजों का ही सेवन करें।
गौरतलब है कि गर्मी के दिनों में ई. कोलाई बैक्टीरिया का संक्रमण बढ़ जाता है, जिसके जोखिमों को देखते हुए भारत में भी लोगों को सावधान किया गया है।
क्यों होता है ये संक्रमण?
ई. कोलाई संक्रमण होने का सबसे आम कारण दूषित भोजन खाना है। बासी भोजन या फिर फलों-सब्जियों को बिना अच्छी तरह से धोए उनका सेवन करने से इस संक्रामक रोग का खतरा अधिक हो सकता है। संक्रमण के खतरे को कम करने के लिए मांस की भी अच्छे से साफ-सफाई और रखरखाव करना जरूरी है।
दूषित जल या अन्य दूषित पेय पदार्थों के कारण भी संक्रमण फैलने का खतरा हो सकता है।
कैसे करें संक्रमण की पहचान?
ई. कोलाई संक्रमण के लक्षण और संकेत आमतौर पर बैक्टीरिया के संपर्क में आने के तीन या चार दिन बाद शुरू होते हैं। संक्रमितों को पाचन से संबंधित कई तरह की स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। संक्रमण के कारण दस्त और कुछ स्थितियों में खूनी दस्त का जोखिम हो सकता है। इसके अलावा पेट में ऐंठन और दर्द के साथ कुछ लोगों में मतली और उल्टी की भी समस्या देखी जाती है।
भारत में भी खतरा और बचाव
डॉक्टर कहते हैं, देश में इन दिनों भीषण गर्मी का प्रकोप है और इस मौसम में ई. कोलाई बैक्टीरिया के संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। संक्रामक रोग से बचाव के लिए खान-पान की चीजों की साफ-सफाई का ध्यान रखें। फलों-सब्जियों को अच्छी तरह से धोकर और साफ करके ही सेवन किया जाना चाहिए। स्वच्छ जल का सेवन करें। पानी को उबालकर ठंडा करके इसका सेवन करने से संक्रमण के जोखिमों को कम किया जा सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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