कोरोना महामारी से निपटने के लिए वैक्सीन का इंतजार अब और नहीं करना पड़ेगा। दावा किया जा रहा है कि अमेरिका में अगले महीने यानी दिसंबर से टीकाकरण शुरू होगा, जबकि भारत में अगले साल फरवरी तक कोई न कोई वैक्सीन आ जाएगी। इसके अलावा इंग्लैंड में लीक हुए सरकारी दस्तावेजों से यह जानकारी मिली है कि वहां अप्रैल 2021 तक सभी लोगों को कोरोना की वैक्सीन लगाई जा सकती है। अब चूंकि वैक्सीन आने वाली है, तो लोगों के मन में इसको लेकर कई तरह के सवाल उठ रहे होंगे। आइए जानते हैं वैक्सीन के बारे में कुछ ऐसी बातें, जिन्हें आपको जरूर जाननी चाहिए।
{"_id":"5fc0b9bd8ebc3e9bfe29ea1b","slug":"coronavirus-vaccine-these-things-you-need-to-know-about-covid-vaccine","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Coronavirus Vaccine: कोरोना वैक्सीन के बारे में वो खास बातें, जो जरूर जाननी चाहिए आपको","category":{"title":"Health & Fitness","title_hn":"हेल्थ एंड फिटनेस","slug":"fitness"}}
Coronavirus Vaccine: कोरोना वैक्सीन के बारे में वो खास बातें, जो जरूर जाननी चाहिए आपको
Fri, 27 Nov 2020 02:09 PM IST
सोनू शर्मा
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: सोनू शर्मा
Updated Fri, 27 Nov 2020 02:09 PM IST
विज्ञापन
भारत में कोरोना वैक्सीन
- फोटो : Pixabay/Amarujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : PTI
वैक्सीन आने में देरी क्यों हो रही है?
- वैज्ञानिक बताते हैं कि किसी भी वैक्सीन के परीक्षण में काफी लंबा वक्त लगता है, क्योंकि पहले उसका ट्रायल लैब में किया जाता है और उसमें सफलता मिलने के बाद उसकी सुरक्षा और प्रभावकारिता सुनिश्चित की जाती है, फिर उसका मानव परीक्षण किया जाता है। कई विशेषज्ञ बताते हैं कि इस प्रक्रिया में करीब 10 साल का समय लग जाता है, लेकिन वैज्ञानिक कोरोना के मामले में काफी तेजी दिखा रहे हैं। कई वैक्सीन के अंतिम चरण के ट्रायल चल रहे हैं, जिनके परिणाम अगले कुछ महीनों में आ सकते हैं।
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
कब से मिलने लगेगी वैक्सीन और कितनी होगी कीमत?
- भारत में सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका द्वारा विकसित की गई वैक्सीन का ट्रायल कर रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी दिसंबर में वैक्सीन के आपातकालीन इस्तेमाल के लिए आवेदन करेगी। हालांकि सीरम इंस्टीट्यूट ने पहले ही वैक्सीन की काफी डोज तैयार कर ली है, ताकि मंजूरी मिलते ही उसे लोगों तक तुरंत पहुंचाया जा सके। बताया जा रहा है कि इसकी एक डोज की कीमत 500 रुपये होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
क्या भारत में सभी लोगों को मिल पाएगी वैक्सीन?
- विशेषज्ञों का मानना है कि भारत में सभी लोगों को वैक्सीन लगाने में कई महीने लग जाएंगे। हालांकि स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने संकेत दिया है कि अगले साल जुलाई तक 25 करोड़ लोगों का टीकाकरण किया जा सकता है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
क्या वैक्सीन के साइड-इफेक्ट्स भी होंगे?
- वैज्ञानिकों का मानना है कि टीका लगने के बाद बुखार आना तो आम बात है, लेकिन इसके साथ ही सिरदर्द, चक्कर आना, उल्टी और मांसपेशियों में दर्द की समस्या भी हो सकती है। फाइजर, मॉडर्ना और ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका, तीनों ही वैक्सीन के ट्रायल में इस तरह के साइड इफेक्ट्स देखने को मिले हैं।