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वैज्ञानिकों का दावा: सितंबर-अक्तूबर तक आ सकती है कोरोना की तीसरी लहर, ये तीन सावधानियां हैं जरूरी

Wed, 23 Jun 2021 09:17 AM IST
सोनू शर्मा हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: सोनू शर्मा Updated Wed, 23 Jun 2021 09:17 AM IST
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Coronavirus third wave peak expected around september october finds IIT Kanpur study
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : पीटीआई

कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमण के मामले अब काफी हद तक कम हो गए हैं। बीते मंगलवार को 50 हजार से अधिक नए मामले दर्ज किए गए थे, जबकि उससे एक दिन पहले इससे भी कम मामले थे। इस बीच तीसरी लहर का खतरा भी मंडराने लगा है। आईआईटी कानपुर के वैज्ञानिकों का दावा है कि अगर सावधानी नहीं बरती गई तो सितंबर-अक्तूबर तक देश में कोरोना की तीसरी लहर आ सकती है। वरिष्ठ वैज्ञानिक प्रो. राजेश रंजन और प्रो. महेंद्र वर्मा ने गणितीय मॉडल के आधार पर दूसरी लहर के आंकड़ों, समय, मापदंडों आदि बिंदुओं पर विश्लेषण कर यह दावा किया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगस्त से ही स्थिति खराब होनी शुरू हो जाएगी और अक्तूबर में तीसरी लहर के दौरान रोजाना तीन लाख तक संक्रमण के मामले आने की उम्मीद है। ऐसे में कुछ सावधानियां बरतनी बेहद ही जरूरी हैं, जिससे संभावित लहर के खतरों को कम किया जा सके। आइए जानते हैं...

Coronavirus third wave peak expected around september october finds IIT Kanpur study
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock

मास्क पहनें 

  • वैज्ञानिकों ने चेतावनी दी है कि अगर लोगों ने मास्क लगाने जैसे नियम का पालन करना छोड़ा तो कोरोना की लहर जल्द ही आएगी, लेकिन अगर लोग कोविड नियमों का पालन बेहतर ढंग से करेंगे तो लहर का पीक उतनी ही देर से आएगा। उनका कहना है कि सावधानी नहीं बरती गई तो तीसरी लहर का पीक अक्तूबर तक आ सकता है।
Coronavirus third wave peak expected around september october finds IIT Kanpur study
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : Pixabay

सुरक्षित शारीरिक दूरी अपनाएं 

  • कोरोना से बचने के लिए सुरक्षित शारीरिक दूरी अपनाना अति आवश्यक है। वैज्ञानिकों ने इस नियम का कड़ाई से पालन करने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि पहली लहर के बाद जनवरी में जिस तरह से इस नियम को नजरअंदाज कर दिया गया था, अगर जुलाई में भी अनलॉक के बाद वैसा ही हुआ, तो हालात बेहद ही खतरनाक होंगे। 
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Coronavirus third wave peak expected around september october finds IIT Kanpur study
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : पीटीआई

टीकाकरण है जरूरी 

  • वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर अभी से मास्क और सुरक्षित शारीरिक दूरी जैसी सावधानियां बरती गईं और देश में टीकाकरण का काम तेजी से चलता रहा तो तीसरी लहर के आने में देरी हो सकती है और स्थिति अधिक भयावह भी नहीं होगी। अगर लोग वैक्सीन लगवाते हैं तो तीसरी लहर का पीक नवंबर में आ सकता है। प्रो. राजेश रंजन कहते हैं कि ऐसे में लोगों के पास करीब चार महीने का मौका है।  

स्रोत और संदर्भ:   
COVID-19's third wave peak expected around September-October: IIT Kanpur study 
https://www.iitk.ac.in/new/media-coverage 

अस्वीकरण नोट: यह लेख आईआईटी कानपुर के वैज्ञानिकों द्वारा किए गए विश्लेषण के आधार पर तैयार किया गया है। लेख में शामिल सूचना व तथ्य आपकी जागरूकता और जानकारी बढ़ाने के लिए साझा किए गए हैं। किसी भी तरह की बीमारी के लक्षण हों अथवा आप किसी रोग से ग्रसित हों तो अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें।  

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